
BSP Supremo Mayawati - File PIC
राजस्थान में आगामी पंचायत और नगरीय निकाय चुनावों की सुगबुगाहट तेज होते ही प्रदेश का राजनीतिक तापमान बढ़ गया है। सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (BJP) और मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस के अलावा राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) और सांसद असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM के बाद अब उत्तर प्रदेश की पूर्व सीएम मायावती की बहुजन समाज पार्टी (BSP) ने भी चुनाव मैदान में मजबूती से उतरने का पूरा खाका तैयार कर लिया है। बीएसपी ने राज्य में तीसरे विकल्प के रूप में उभरने के लिए आगामी 23 अगस्त को राजधानी जयपुर स्थित बिड़ला सभागार में एक विशाल 'कार्यकर्ता महासम्मेलन एवं संगठन समीक्षा कार्यक्रम' आयोजित करने का निर्णय लिया है। इस राज्यस्तरीय महासम्मेलन में बहुजन समाज पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे, जो प्रदेश के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों में चुनावी जोश भरेंगे और निकाय व पंचायत चुनाव की भावी रणनीति को अंतिम रूप देंगे।
जयपुर के बिड़ला ऑडिटोरियम में 23 अगस्त को आयोजित होने वाला महासम्मेलन बीएसपी के लिए चुनावी बिगुल माना जा रहा है। बसपा के राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद राजस्थान दौरे पर आकर कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे और प्रदेश स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करेंगे।
इस दौरान राज्य भर से आने वाले पदाधिकारियों के साथ बूथ स्तर की तैयारियों की समीक्षा की जाएगी और विधानसभा व निकाय चुनावों के अनुभव के आधार पर नए लक्ष्य निर्धारित किए जाएंगे।
पार्टी नेतृत्व ने प्रदेश के सभी जिलों, ब्लॉकों और बूथों से कार्यकर्ताओं को अधिक से अधिक संख्या में जयपुर पहुंचकर इस कार्यक्रम को ऐतिहासिक बनाने का आह्वान किया है।
राजस्थान बसपा के प्रदेशाध्यक्ष सुमरत सिंह खुद धरातल पर उतरकर संगठन को पुनर्गठित और सक्रिय करने में जुटे हुए हैं: सुमरत सिंह लगातार जिलों का दौरा कर कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा का संचार कर रहे हैं और बूथ इकाइयों से लेकर जिला व प्रदेश स्तरीय कमेटियों के गठन पर विशेष जोर दे रहे हैं।
प्रदेशाध्यक्ष सुमरत सिंह ने ऐलान किया है कि बहुजन समाज पार्टी संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत बनाते हुए आगामी सभी पंचायत और नगरीय निकाय चुनाव अपने दम पर लड़ेगी और किसी दल से गठबंधन किए बिना सभी सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेगी।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस और भाजपा की नीतियों से निराश होकर सर्वसमाज के लोग बीएसपी से जुड़ रहे हैं, जिससे पार्टी राजस्थान में एक मजबूत तीसरी राजनीतिक शक्ति के रूप में उभरेगी।
बसपा के प्रदेश सचिव जगन सिंह जाटव ने पार्टी की विचारधारा और सांगठनिक विस्तार पर प्रकाश डालते हुए कार्यकर्ताओं में उत्साह भरा। जगन सिंह जाटव ने कहा कि बीएसपी का मुख्य संकल्प मान्यवर कांशीराम और पार्टी प्रमुख मायावती के 'सामाजिक परिवर्तन एवं आर्थिक मुक्ति' के मिशन को राज्य के हर गांव और ढाणी तक पहुंचाना है।
उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे निकाय व पंचायत चुनावों को ध्यान में रखते हुए गांव-गांव और वार्ड-वार्ड जाकर गहन जनसंपर्क अभियान चलाएं और स्थानीय मुद्दों पर जनता को एकजुट करें।
राजस्थान में चुनाव आयोग की ओर से तिथियों की घोषणा से पहले ही सभी प्रमुख दलों ने अपनी बिसात बिछानी शुरू कर दी है। भाजपा और कांग्रेस के अलावा क्षेत्रीय दल आरएलपी (RLP), एआईएमआईएम (AIMIM) और अब बीएसपी (BSP) के पूर्ण रूप से मैदान में उतरने के ऐलान से मुकाबला बेहद दिलचस्प और बहुकोणीय होने जा रहा है।
पंचायतों और वार्डों में टिकट के दावेदार और उनके समर्थक अभी से ही अपनी-अपनी पार्टियों के शीर्ष नेताओं के चक्कर काटने और स्थानीय स्तर पर माहौल बनाने में जुट गए हैं।
Updated on:
31 Jul 2026 02:27 pm
Published on:
31 Jul 2026 02:27 pm
