6 अगस्त 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

जयपुर में धरने पर बैठे थर्ड ग्रेड के शिक्षकों और सरकार के बीच हुई वार्ता, 31 दिसंबर तक बनेगी पॉलिसी, जानें कब से होंगे ट्रांसफर?

जयपुर के शहीद स्मारक पर धरना दे रहे तृतीय श्रेणी शिक्षकों और सरकार के बीच वार्ता सकारात्मक रही। सरकार ने 31 दिसंबर तक नई तबादला नीति तैयार करने और 1 जनवरी से लागू करने का भरोसा दिया है। नए शिक्षण सत्र से पहले ट्रांसफर शुरू होने की उम्मीद जताई गई है।
2 min read
Google source verification
Jaipur Teachers Protest

जयपुर में शहीद स्मारक पर टीचर्स का प्रदर्शन (Photo-Patrika)

Jaipur Teachers Protest: जयपुर के शहीद स्मारक पर पिछले दो दिन से तृतीय श्रेणी शिक्षकों का धरना जारी है। इसी के बीच एक सकारात्मक और बड़ी अपडेट सामने आई है। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर, शिक्षा सचिव और शिक्षक प्रतिनिधियों के बीच हुई वार्ता सकारात्मक रही। शुरुआती जानकारी के अनुसार शिक्षक प्रतिनिधियों और सरकार के बीच तबादला पॉलिसी पर सहमति बन गई है। सरकार का कहना है कि 31 दिसंबर से पहले पहले नई पॉलिसी बनकर तैयार हो जाएगी।

बता दें कि इससे पहले भी सरकार और शिक्षकों के बीच दो बार बातचीत हुई थी लेकिन दोनों बार कोई ठोस नतीजा नहीं निकल पाया था।

कब से होंगे ट्रांसफर?

सरकार और शिक्षक प्रतिनिधियों के बीच हुई बातचीत के अनुसार, नई तबादला नीति तैयार करने के बाद 1 जनवरी 2027 से इसे लागू करने की तैयारी है। इसके बाद नए शिक्षण सत्र की शुरुआत से पहले शिक्षकों के ट्रांसफर किए जा सकेंगे। हालांकि, सरकार ने .यह भी साफ किया है कि मामला फिलहाल सुप्रीम कोर्ट में लंबित है, इसलिए कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही तबादलों की कार्रवाई आगे बढ़ाई जाएगी।

इस बातचीत को लेकर कई शिक्षक संतुष्ट नजर आ रहे हैं तो कई नाखुश। कुछ शिक्षकों का कहना है कि उन्हें झूठे आश्वासन दिए जा रहे हैं। वहीं कुछ टीचर्स का कहना है कि जब लिखित में या ऑफिशियली आदेश नहीं आएगा, तब ही धरना खत्म होगा।

शिक्षकों में क्यों है आक्रोश?

धरने पर बैठे शिक्षकों का आरोप है कि सरकार ने प्रिंसिपल, फर्स्ट ग्रेड और सेकंड ग्रेड शिक्षकों के तबादले कर दिए, लेकिन केवल ग्रेड थर्ड शिक्षकों के मामले में लगातार देरी की जा रही है। उनका कहना है कि अगर दूसरे कैडर के शिक्षकों के ट्रांसफर हो सकते हैं तो फिर उनके साथ अलग व्यवहार क्यों किया जा रहा है। इसी वजह से शिक्षक लंबे समय से अलग तबादला नीति लागू करने और तुरंत ट्रांसफर प्रक्रिया शुरू करने की मांग कर रहे हैं।

शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की भी उठी मांग

गौरतलब है कि मामले में शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि तत्काल ट्रांसफर शुरू करना संभव नहीं है। इस वजह से प्रदर्शन कर रहे शिक्षकों ने मदन दिलावर के इस्तीफे को लेकर भी मांग उठाई। उसके बाद इस मामले में भजनलाल शर्मा के सीधे हस्तक्षेप की मांग की गई थी। शिक्षक संघर्ष समिति के अनुसार, इस आंदोलन में पूरे राजस्थान के शिक्षक शामिल हुए।