
जयपुर। एमबीए छात्रा को शादी का झांसा देकर एक साल तक देह शोषण करने के आरोपी भगोड़े घोषित पूर्व आईएएस बीबी मोहंती ने आखिर चार साल बाद सरेंडर कर दिया है। मंगलवार को महेश नगर पुलिस ने उसे कोर्ट में पेश किया ओर उसके बाद दो दिन की रिमांड पर लिया।
मंगलवार रात मोहंती से बलात्कार और शोषण के आरोपों के बारे में पूछताछ की गई, लेकिन वह हर बार अपने उपर लगे आरोपों को खारिज करता रहा। एसीपी सोड़ाला और महेश नगर पुलिसने मोहंती से करीब छह घंटे तक पूछताछ की।
इस पूछताछ के दौरान उससे चौदह से बीस सवाल पूछे गए, लेकिन वह हर सवाल का जवाब कुछ शब्दों में ही टालता रहा। हर सवाल पर उन्होंने सिर्फ एक ही जवाब दिया, मुझे कुछ ध्यान नहीं है।
पुलिस अफसरों का कहना है कि बुधवार दोपहर तक अगर मोहंती कॉपरेट नहीं करता है तो उत्तर प्रदेश निवासी जिस छात्रा ने उस पर आरोप लगाए थे उसे बुलाकर मोहंति के सामने बैठाया जाएगा और उसके बाद क्रॉस इंट्रोगेशन की जाएगी। मोहंती फरारी के दौरान ही सेवानिवृत्त हो गए थे।
मोहंती के खिलाफ जनवरी 2014 में महेशनगर थाने में एक छात्रा ने दुराचार का मामला दर्ज कराया था। आरोप था कि आईएएस परीक्षा की तैयारी कराने के बहाने मोहंती ने छात्रा को बुलाया और दुराचार किया।
मामला दर्ज होने पर मोहंती फरार हो गए। तब वह राजस्थान सिविल सेवा अपीलीय अधिकरण के अध्यक्ष थे। फरारी के दौरान सरकार ने मोहंती को निलम्बित कर दिया।
पांच हजार का था इनाम
तफ्तीश में आरोप साबित होने पर पुलिस ने तलाश तेज की लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। फिर अदालत में अर्जी पेश कर स्थाई वारंट जारी कराया। उनका महेशनगर स्थित फ्लैट मामले से अटैच कराया। अन्य सम्पत्ति भी अटैच कराने के लिए अदालत में अर्जी दी लेकिन परिजनों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर दी, जो अभी लम्बित है। मोहंती का सुराग नहीं लगा तो पुलिस ने 5 हजार रुपए का इनाम घोषित कर दिया।
जनवरी, 2014 में इस्तगासे के जरिए केस दर्ज
- एसीपी नेमसिंह चौहान ने बताया कि राजस्थान सिविल सेवा अधिकरण में अध्यक्ष रहने के दौरान जनवरी 2014 में उत्तर प्रदेश निवासी एक एमबीए छात्रा ने महेश नगर थाने में इस्तगासे से दुष्कर्म का मामला दर्ज कराया था।
- भनक लगते ही 27 जनवरी, 2014 से आईएएस बीबी मोहंती फरार हो गए।
- कोर्ट ने 25 जून, 2014 को मोहंती को भगौड़ा घोषित कर दिया।
- तलाशी में न मिलने पर संपत्ति कुर्क करने और 22 जुलाई, 2014 को 5000 रुपए का इनाम भी घोषित कर दिया गया।
- अग्रिम जमानत याचिका भी खारिज
मोहंती ने अग्रिम जमानत की याचिका भी लगाई थी, जो खारिज हो गई थी। मोहंती की संपत्ति को कुर्क करने की कार्रवाई को मोहंती की पत्नी ने चुनौती दी थी। परिजनों की सहमति से मोहंती ने दो दिन पहले सोढ़ाला एसीपी नेम सिंह से संपर्क किया और सरेंडर के लिए कहा। मोहंती को थाने ले जाने के बाद कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है।
- गांव और मुंबई में फरारी काटने का अंदेशा
सूत्रों के अनुसार मोहंती ने तीन साल की फरारी उड़ीसा में खुद के गांव और मुंबई की होटलों में काटी है। यहां तक कि परिवार और कुछ दोस्तों के चलते पुलिस टीम के पहुंचने की सूचना उसे पहले ही मिल जाती थी। उसके अकाउंट और अन्य दस्तावेज भी कोर्ट ने जब्त करवा लिए थे।
Updated on:
22 Nov 2017, 9:22 AM IST
Published on:
22 Nov 2017, 9:20 AM IST
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