
जयपुर जंक्शन पर ट्रेन में सीट की जद्दोजहद करते यात्री, पत्रिका फोटो
Jaipur Train Rush: ग्रीष्मावकाश का सीजन अब शुरू होने वाला है लेकिन उससे पहले प्रदेश में अभी ऑफ सीजन में ही ट्रेनों में सीटों की उपलब्धता नहीं होने के कारण लोग परेशान हैं। ट्रेनों में ऑफ सीजन में इस बार हालात इसके उलट हैं। जयपुर से हावड़ा, लखनऊ, पटना, गुवाहाटी समेत कई शहरों के लिए संचालित ट्रेनों में इन दिनों कंफर्म सीटों की कमी बनी हुई है।
जिन दिनों में टिकट आसानी से मिल जाते थे, उन्हीं दिनों में अब कई रूट पर सीटों का टोटा देखने को मिल रहा है। कुछ ट्रेनों में तो अभी 'नोरूम' जैसी स्थिति होने पर यात्रियों को वेटिंग टिकट तक उपलब्ध नहीं हो रहे हैं।
सबसे ज्यादा दबाव स्लीपर क्लास पर है, जहां वेटिंग 100 से ऊपर जा रही है। एसी थर्ड और सेकंड कोच में भी टिकटों की मांग बढ़ने से वेटिंग लिस्ट लंबी हो गई है, जो सामान्य दिनों में कम रहती थी। इस बार मार्च की शुरुआत से ही गर्मी का असर तेज होने के कारण यात्रियों का रुझान एसी कोच की ओर ज्यादा बढ़ा है। खासकर बिहार, पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश और पूर्वोत्तर राज्यों की ओर जाने वाली ट्रेनों में दबाव अधिक देखा जा रहा है।
इस स्थिति में सबसे ज्यादा दिक्कत उन यात्रियों को हो रही है, जिन्हें इमरजेंसी में यात्रा करनी पड़ रही है। अचानक टिकट बुक कराने वालों को लंबी वेटिंग का सामना करना पड़ रहा है या फिर उन्हें महंगे तत्काल टिकट का सहारा लेना पड़ रहा है, जिसमें भी कंफर्म सीट मिलना आसान नहीं है।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि बढ़ती मांग देखते हुए अतिरिक्त कोच लगाए जा रहे हैं। कई स्पेशल ट्रेनों के फेरे भी बढ़ाए गए हैं। कुछ रूट पर नई स्पेशल ट्रेनें चलाने की योजना पर भी काम किया जा रहा है, ताकि यात्रियों को राहत मिल सके।
जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर इन दिनों रनवे मेंटेनेंस का काम चल रहा है। दोपहर में करीब चार घंटे तक फ्लाइट संचालन बंद रहता है और कई उड़ानों को री-शेड्यूल किया गया है। ऐसे में तय समय पर गंतव्य तक पहुंचने वाले यात्री ट्रेनों को विकल्प के रूप में चुन रहे हैं, जिससे ट्रेनों में भीड़ और बढ़ गई है।
Updated on:
22 Mar 2026 07:36 am
Published on:
22 Mar 2026 07:36 am
