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एसपी का कूटरचित पत्र तैयार करवाने वाला पुलिस के हत्थे चढ़ा

-पोंग डैम विस्थापितों के तैयार किए अनुमति पत्र
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एसपी का कूटरचित पत्र तैयार करवाने वाला पुलिस के हत्थे चढ़ा

एसपी का कूटरचित पत्र तैयार करवाने वाला पुलिस के हत्थे चढ़ा

जैसलमेर. हिमाचल प्रदेश के पोंग डेम विस्थापितों को जैसलमेर जिले के अधिसूचित थाना क्षेत्रों में प्रवेश की अनुमति संबंधी जिला पुलिस अधीक्षक का फर्जी व कूटरचित पत्र तैयार करने वाला पुलिस के हत्थे चढ़ गया है। इस संबंध में जैसलमेर के कार्यवाहक उपखंड अधिकारी अशोक कुमार की ओर से दर्ज करवाई गई एफआईआर पर कोतवाली पुलिस ने कार्रवाई करते हुए फर्जीवाड़ा करने के आरोपी शम्भूसिंह पुत्र भंवरसिंह निवासी चौक पुलिस थाना सांकड़ा जिला जैसलमेर को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस इस संबंध में आगे तफ्तीश कर रही है।
यह है मामला
मामले में मिली जानकारी के अनुसार हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में पोंग डैम विस्थापितों को जैसलमेर के उपनिवेशन क्षेत्र में भूमि आवंटित की गई है। इन बाहरी आवंटियों को जिले के अधिसूचित थाना क्षेत्र में प्रवेश संबंधी जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय की अनुमति संबंधी कूटरचित पत्र कलेक्ट्रेट में अर्जीनवीश का काम करने वाले शम्भूसिंह ने तैयार किए और उन्हें उपखंड अधिकारी जैसलमेर के सामने पेश कर दिया।
ऐसे आया पकड़ में
शहर कोतवाल बलवंतराम गोठवाल ने बताया कि इस पत्र पर जिला पुलिस अधीक्षक की फर्जी मोहर तथा गोल मोहर तैयार कर लगाने के साथ अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश बैरवा के फर्जी हस्ताक्षर भी कर दिए गए। गौरतलब है कि बाहरी व्यक्तियों को अधिसूचित थाना क्षेत्रों में प्रवेश संबंधी अनुमति के लिए कार्यवाहक उपखंड अधिकारी अशोक कुमार ने गत 29 सितम्बर को पत्र जारी किया था। आरोपी ने इसके जवाब में फर्जीवाड़ा करते हुए अगले ही दिन पुलिस अधीक्षक की मोहर व अतिरिक्त अधीक्षक के हस्ताक्षर वाला अनुमति पत्र संबंधित व्यक्तियों की ओर से उपखंड अधिकारी को पेश करवा दिया। एक दिन में हुई कार्रवाई पर अशोक कुमार को शक हुआ। तब उन्होंने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बैरवा से बात की तथा पत्र क्रमांक आदि के बारे में जानकारी ली। जिसकी जांच में अनुमति पत्र फर्जी पाया गया। जानकारी के अनुसार पुलिस अधीक्षक कार्यालय से अनुमति संबंधी पत्र जारी होने की प्रक्रिया में कम से कम तीन.चार दिन लगते हैं। प्रथम दृष्टया फर्जीवाड़ा साबित होने पर कार्यवाहक उपखंड अधिकारी ने शहर कोतवाली में एफआईआर दर्ज करवा दी। जिस पर कार्रवाई करते हुए आरोपी शंभूसिंह को गिरफ्तार किया गया है। कोतवाल ने बताया कि पुलिस रिमांड पर लेकर उससे पूछताछ की जाएगी।अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश बैरवा ने बताया कि इस मामले में गहनता से जांच करते हुए अगर अन्य लोगों की भूमिका पाई जाएगी तो उनके खिलाफ भी पुलिस कार्रवाई करेगी।