
महिला मित्र के लिए खरीदता था सामान,चोरी कर लाता था पैसे,गिरफ्तार
जैसलमेर .चोरी का आरोपी ईलियास ने अपनी महिला मित्र के लिए अच्छे से अच्छा सामान खरीदने व मोबाईल खरीदने के लिए पैसों की पुर्ति के लिए ग्वार गम फेक्ट्री में सैंध लगाकर चोरी करना स्वीकार किया है। गौरतलब है कि पुलिस ने चोरी की मुख्य सरगना को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। गौरतलब है कि 19 जनवरी को एक लिखित रिपोर्ट पेश की कि बरमसर फांटा पर स्थित ग्वार गम की फेक्ट्री से दिनांक 18 जनवरी की रात्रि में कोई अज्ञात चोरों ने फेक्ट्री के गौदाम का ताला तोडकर गोदाम में रखी बोरियों में से 28 बोरी ग्वार गम चुराकर ले गए है। इस ग्वार गम नकबजनी का मुख्य सुत्रधार ईलियास था जिसे फेक्ट्री के एक कर्मचार के साथ सांठगांठ करके बाडमेर से अपने साथियों को पीकअप गाडी लेकर बरमसर फांटा आया जहां गोदाम से 28 बोरी ग्वार गम चोरी करके ले गया। वगैरा पर पुलिस थाना सदर जैसलमेर में प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया। प्रकरण में जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. किरन कंग के आदेशानुसार कान्तासिंह के निर्देशन में टीम गठित कर तलाश जारी की गई। गठित टीम द्वारा वांछित चोर ईलियास की तलाश थाना हल्का क्षेत्र एवं अन्य थाना क्षेत्रों में की गई । ईलियास को छोड गांव कें पास अपने रिश्तेदार के यहां से गिरफतार किया। आरोपी के खिलाफ पचपदरा व विभिन्न थानों में मुकदमें दर्ज होने बताए जा रहे है। जिसका रेकर्ड मंगवाया जा रहा है।
वकीलों ने किया कार्य का बहिष्कार
पोकरण. बार काउंसिल ऑफ इण्डिया व बार काउंसिल ऑफ राजस्थान के आह्वान पर स्थानीय अधिवक्ताओं ने भी मंगलवार को कार्य का बहिष्कार करते हुए विरोध जताया। स्थानीय अभिभाषक संघ के अध्यक्ष मगनाराम विश्रोई ने बताया कि काउंसिल के आह्वान पर अधिवक्ता संघों के लिए न्यायालय परिसर में भवन, पुस्तकालय, शौचालय, नि:शुल्क इंटरनेट की व्यवस्था करने, उचित मूल्य पर कैंटीन खोलने, नए जरुरतमंद वकीलों को पांच वर्ष तक 10 हजार रुपए प्रतिमाह देने की व्यवस्था करने, अधिवक्ता की असामयिक मौत पर 50 लाख रुपए की सहायता उनके परिजनों को देने, बीमार होने पर नि:शुल्क उपचार करवाने, वृद्ध वकीलों को पेंशन व पारिवारिक पेंशन की व्यवस्था करने, लोक अदालतों का कार्य वकीलों के जिम्मे देने, जरुरतमंद वकीलों को उचित मूल्य पर गृह निर्माण के लिए भूखण्ड व होम लोन की व्यवस्था करने, सभी ट्रिब्यूनल्स में वकीलों की बहाली करने, न्यायिक अधिकारियों को वकील कोटे के पदों के विरुद्ध प्रतिबंधित करने की मांग को लेकर मंगलवार को कार्य बहिष्कार की घोषणा की गई। इसी के अंतर्गत स्थानीय वकीलों ने भी मांगों का समर्थन करते हुए कार्य बहिष्कार किया और विरोध जताया। उन्होंने राज्यपाल के नाम एक ज्ञापन उपखण्ड अधिकारी को सुपुर्द किया।
Updated on:
13 Feb 2019 09:02 am
Published on:
13 Feb 2019 09:02 am
