
Fake note found in Jalore, Pali police arrived Jalore on Thursday
जालोर. सादड़ी में पिछले सोमवार को नकली नोट मामले में पकड़े गए दो आरोपितों से पूछताछ के बाद यह मामला जालोर से जुड़ गया है, लेकिन अब तक इस मामले में स्थानीय पुलिस मौन धारण किए हुए है। जबकि सरावास के जिस फ्लेट पर पाली पुलिस ने कार्रवाई की, वह जयपालसिंह के नाम पर है और यह माइनिंग एसोसिएशन के एक पदाधिकारी का रिश्तेदार भी बताया जा रहा है, लेकिन उन्होंने इस व्यक्ति से वर्तमान में किसी तरह का संबंध होने से इनकार किया है। अलबत्ता यह मामला जालोर के ग्रेनाइट व्यापार से जुड़े माइनिंग क्षेत्रसे संबंध है, लेकिन पुलिस की ओर से किसी तरह की कार्रवाई नहीं की जा रही है। नकली नोट छापने या उससे जुड़े गंभीर मामले में भी स्थानीय पुलिस का मौन समझ से परे हैं, जबकि एक दशक की बात करें तो नकली नोट के मामलों में जालोर के कई आरोपित पुलिस की गिरफ्त में आए।
पाली में नहीं थाना प्रभारी के नंबर
मामले में जहां जालोर पुलिस ढिलाई बरत रही है, वहीं पाली पुलिस भी मीडिया से कार्रवाई की स्थिति की जानकारी साझा करने से कतरा रही है। मामला जालोर से जुड़ा होने पर पाली के सदर थाने में बेसिक फोन नंबर 02932-284100 पर मामले की जानकारी लेनी चाहिए तो उन्होंने जांच थाना प्रभारी सवाई सिंह के पास होने की बात कही। जब इसी नंबर पर थाना प्रभारी के मोबाइल नंबर मांगे गए तो कंट्रोल रूम पर तैनात स्टाफ ने मोबाइल नंबर नहीं होने की बात कही। संबंधित थाने में ही थाना प्रभारी के नंबर नहीं होने पर जब इस नंबर पर तैनात स्टाफ को पूछा गया तो उसने काफी मशक्कत के बाद जांच अधिकारी के नंबर उपलब्ध करवाए, लेकिन वे बंद थे। मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान है। सादड़ी में पकड़े गए आरोपितों से मिली हर तरह की जानकारी पुलिस ने साझा की है, लेकिन जालोर के मामले में पुलिस मौन है।
Published on:
01 Jul 2018 10:52 am
