
अभियान में श्रमदान को उठे सैकड़ों हाथ
भीनमाल. राजस्थान पत्रिका के अमृतम् जलम् अभियान के तहत भागलभीम गांव के आदर्श तालाब वरडिया में ग्रामीणों ने श्रमदान कर सफाई की।
श्रमदान कार्यक्रम को लेकर सुबह से ही ग्रामीणों ने उत्साह के साथ भाग लिया। सरपंच ममता राजपुरोहित के नेतृत्व में ग्रामीणों ने बढ़चढ़ कर भाग लिया। ग्रामीणों ने तालाब की सफाई कर तालाब को साफ सुथरा बनाए रखने का संकल्प लिया।
श्रमदान कार्यक्रम को लेकर सुबह से ही दर्जनों ग्रामीण हाथ में गेती, तगारी व फावड़ा लेकर नाड़ी पहुंचे। और उत्साह के साथ श्रमदान कर नाडी की खुदाई व सफाई की। तगारों में भरकर मिट्टी को पाळ पर डाला। ग्रामीणों ने तालाब के चारों तरफ पौधरोपण करने की बात कही।
तालाबों के संरक्षण से दूर होगा पेयजल संकट
श्रमदान कार्यक्रम के बाद संगोष्ठी को संबोधित करते हुए उप प्रधान किस्तुराराम प्रजापत ने कहा कि वर्तमान समय में लोग प्राकृतिक जलस्रोतों के सरंक्षण को लेकर उदासीनता बरत रहे है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक जल स्रोतों के सरंक्षण से ही पेयजल समस्या का समाधान हो सकता है। उन्होंने कहा कि भौतिक संसाधनों के चलते दिनों-दिन पानी का अपव्यय तो बढ़ रहा है, लेकिन प्राकृतिक जल स्रोतों का सरंक्षण नहीं कर रहे है। उन्होंने राजस्थान पत्रिका के अमृतम् जलम् अभियान की सराहना करते हुए कहा कि पत्रिका ऐसे कार्यक्रम कर लोगों को जल सरंक्षण के प्रति जागरूक कर रहा है। सरपंच ममता राजपुरोहित ने कहा कि जल है तो कल है। उन्होंने उपस्थित लोगों को श्रमदान व जल की महत्ता के बारे में बताया। उन्होंने ग्रामीणों से आह्वान किया कि प्राकृतिक जलस्रोत तालाबों को सरंक्षण के साथ उनका साफ सुथरा रखने में भी महत्ती भागीदारी निभाएं। ग्राम विकास अधिकारी नरेन्द्र विश्नोई ने कहा कि प्राकृतिक जल स्रोतों का सरंक्षण नहीं हुआ तो, हालात भयावह हो सकते है। उन्होंने कहा कि तालाब की गहराई बढऩे से बारिश के जल का सरंक्षण होगा वहीं इससे आस-पास के कृषि कुएं का जलस्तर भी सुधरेगा। राजस्थान पत्रिका के तुलसाराम माली ने अतिथियों व ग्रामीणों का आभार ज्ञापित किया। इस मौके उगमसिंह, रूपसिंह, गीमाराम, अनाराम, शंकरलाल, जेठाराम प्रजापत, सणगीदेवी, लीलादेवी, टीलीदेवी, लालीदेवी, सीतादेवी, घुनीदेवी, मंजुदेवी, कालीदेवी, मोनीदेवी व मीरोदेवी मौजूद थे।
Published on:
04 Jun 2018 04:28 pm
