20 फ़रवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Jalore School Accident: हृदयविदारक हादसा; स्कूल में खेल रही पांच साल की मासूम पर गिरी दीवार, मौके पर ही मौत

जालोर के सायला स्थित एक निजी स्कूल में शुक्रवार को दीवार गिरने से पहली कक्षा की छात्रा की मौत हो गई। 5 वर्षीय प्रीति कुमारी स्कूल में खेल रही थी, तभी ईंटों और बोर्ड का ढांचा उस पर गिर गया। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद परिजनों में मातम है और ग्रामीणों ने स्कूल प्रबंधन की लापरवाही पर भारी आक्रोश जताया है।

less than 1 minute read
Google source verification
6 Year Old Girl Crushed to Death as School Wall Collapses in Jalore Rajasthan

Preeti Kumari (पत्रिका फोटो)

Jalore News: जिले के सायला थाना क्षेत्र के बावतरा गांव से एक बेहद हृदयविदारक खबर सामने आई है। यहां के 'मरुधर शिक्षण संस्थान उच्च माध्यमिक विद्यालय' में शुक्रवार दोपहर एक बड़ा हादसा हो गया, जिसमें एक मासूम छात्रा की जान चली गई। स्कूल परिसर में खेल रही 5 वर्षीय मासूम प्रीति कुमारी पर अचानक दीवार गिर गई, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

खेलते समय काल बनी स्कूल की दीवार

जानकारी के अनुसार, मृतका प्रीति कुमारी (5), जो कक्षा प्रथम में पढ़ती थी, बालोतरा जिले के असाडा की निवासी थी। शुक्रवार दोपहर वह स्कूल में अन्य बच्चों के साथ खेल रही थी। इसी दौरान क्लास में फाइबर ईंटों के सहारे रखा एक भारी बोर्ड अचानक गिर गया। मासूम प्रीति उस भारी मलबे के नीचे दब गई और उसे संभलने का मौका तक नहीं मिला।

अस्पताल पहुंचने से पहले ही तोड़ा दम

हादसे के बाद स्कूल परिसर में चीख-पुकार मच गई। शोर सुनकर स्कूल स्टाफ मौके पर पहुंचा और आनन-फानन में बच्ची को मलबे से निकालकर सायला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। हालांकि, हादसे की गंभीरता इतनी अधिक थी कि डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही सायला थाना पुलिस अस्पताल और स्कूल पहुंची।

ग्रामीणों में भारी आक्रोश

जैसे ही मासूम की मौत की खबर उसके घर पहुंची, परिवार में कोहराम मच गया। माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, स्थानीय ग्रामीणों ने स्कूल प्रशासन पर लापरवाही का गंभीर आरोप लगाया है। ग्रामीणों का कहना है कि स्कूल में सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण मासूम को अपनी जान गंवानी पड़ी। मरूधर शिक्षण संस्थान 12वीं तक का स्कूल है जहां करीब 350 बच्चे पढ़ते हैं। प्रशासन ने स्कूल भवन की स्थिति को लेकर जांच शुरू कर दी है।