
Video- कुटीघाट स्कूल भवन में आई दरारें, टाईल्स उखड़ी, छत में भी दिख रहा क्रैक
जांजगीर-पामगढ़. पामगढ़ विकासखंड अंतर्गत कुटीघाट में कुछ महीने पहले ही एक करोड़ 20 लाख रुपए की लागत से बना शासकीय उच्चतर माध्यमकि विद्यालय भवन जर्जर हो चुका है। भवन की हालत यह है कि उसमें जगह-जगह से दरारें आ चुकी हैं, टाइल्स उखडऩे लगे हैं। यह सब इसलिए हुआ कि पहले तो ठेकेदार ने इस काम को 26 प्रतिशत बिलो रेट पर लिया और उसके बाद निर्माण कराने का जिम्मा अपने ब्रदर इन लॉ रितेश अग्रवाल को दिया। रितेश अग्रवाल ने इस काम को उठाकर त्रिलोचन साहू को दे डाला। इससे तीन-तीन हाथों में काम और उसका कमीशन जाने से निर्माण इतना घटिया हुआ कि उसका खामियाजा अब शिक्षकों व विद्यार्थियों को उठाना पड़ रहा है।
पीडब्ल्यूडी जांजगीर-चांपा डिवीजन के अंतर्गत आने वाले कुटीघाट में बनाए गए शासकीय उच्चतर माध्यमिक भवन को बनाने का ठेका शिवरीनारायण के ठेकेदार संदीप सुल्तानिया ने लिया था। ठेकेदार ने इस काम को पहले तो 26 प्रतिशत कम दर पर ले लिया उसके बाद अपने ब्रदर इन लॉ रितेश अग्रवाल को काम पेटी पर दे दिया। रितेश ने भी इस काम को लेबर कांट्रैक्टर को दे दिया। इस तरह निर्माण की सही निगरानी न तो काम लेने वाले ठेकेदार ने किया और न ही पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों ने। यदि किया होता आज सवा करोड़ रुपए की लागत से बना यह भवन इतना जल्द खराब नहीं होता।
Read More : पुलिस की छापामार कार्रवाई में नौ जुआरियों से 50 हजार रुपए जब्त
ईई व प्रभारी एसडीओ ने किया निरीक्षण
इस मामले की पीडब्ल्यूडी अधिकारियों से लोगों ने शिकायत की तो ईई वायके गोपाल और पामगढ़ के प्रभारी एसडीओ ने मौके पर निरीक्षण किया। निरीक्षण के जब ईई से बात की गई तो उन्होंने बताया कि भवन का प्लास्टर उखड़ रहा हैए जिस पर ठेकेदार को मरम्मत करने के लिए कहा गया है। ऐसे में सवाल यह उठता है कि जब ठेकेदार ने प्लास्ट इतना घटिया किया तो निर्माण में कितना खामी नहीं बरता होगा। भवन में घटिया स्तर की टाइल्स लगाई गई हैं। लोगों का कहना है कि इस मामले में विभागीय अधिकारियों की भी संल्पितता है। यदि नहीं होती तो उन्हें ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करनी थी।
-जांच में पाया गया है कि भवन का प्लास्टर खराब हुआ है। ठेकेदार को मरम्मत कराने के लिए बोला गया है- वायके गोपाल, ईईए पीडब्ल्यूडी, जांजगीर-चांपा
-मैंने यह काम संदीप सुल्तानिया से पेटी पर लिया था। उसके बाद निर्माण के लिए त्रिलोचन साहू को दिया था। विभाग के अधिकारियों ने पूरे मटेरियल व निर्माण की जांच की थी। रही बात क्यों खराब हुआ उसका जवाब अधिकारी देंगे- रितेश अग्रवाल, निर्माणकर्ता, पेटी कांट्रैक्टर
Published on:
20 Aug 2018 04:38 pm
बड़ी खबरें
View Allजांजगीर चंपा
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
