4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

बंपर आवक से छोटी पड़ी 52 बीघा की मंडी

खानपुर में १५ हजार बोरी कृषि जिंसों की आमद, सैकड़ों टै्रक्टर ट्रॉलियों कतार में लगी, भवानीमंडी में जिंसों का उठाव नहीं
2 min read
Google source verification
52 bigha mandi, shortened from the bumper arrivals

बंपर आवक से छोटी पड़ी 52 बीघा की मंडी

खानपुर. स्थानीय कृषि उपज मण्डी में मंगलवार को कृषि जिन्सों की आवक के आगे ५२ बीघा का मण्डी परिसर छोटा पड़ गया। यहां करीब १५ हजार बोरी कृषि जिन्सों की आवक हुई। साथ ही दिनभर सैकड़ों की संख्या में टै्रक्टर ट्रॉलियों की आवक होने से दिनभर जाम के हालात बने रहे।
क्रय-विक्रय सहकारी समिति द्वारा समर्थन मूल्य पर खरीद की कृषि जिन्सों का परिवहन पिछले एक सप्ताह से बन्द होने के कारण कवर्ड शेडों से लेकर खुले नीलामी शेड सरसों के कट्टों से अटे है। यहां ३१ मार्च को परिवहन का ठेका समाप्त होनेे के बाद अब तक नया ठेका नहीं होने से जिन्सों का परिवहन नहीं हो पा रहा है। वहीं इन दिनों मण्डी व्यापारियों की हजारों बोरियां खुले नीलामी यार्ड में जमी हुई है। जबकि प्रतिदिन ७ से ८ हजार बोरी गेहूं की आवक होने से समूचे यार्डो हजारों बोरी गेहूं के ढेर लगे हुए हैं। ऐसे में परिसर मे पांव रखने की भी जगह नहीं बची है। इसके अलावा पिछले सप्ताह लहसुन की खरीद भी प्रारंभ होने से मण्डी में खासी चहल पहल बनी हुई है। मंगलवार को गेहूं के टोकन जारी किए गए थे, लेकिन बारदाने के अभाव में ४ से ५ किसानों का केवल ३०० कट्टों का ही तौल हो सका। जबकि सरसों के १०५ किसानों का टोकन जारी किया था। इसमें करीब १५०० कट्टों का तौल हो सका। मण्डी सचिव फूलचन्द मीणा ने बताया कि मण्डी मे आवक को देखते हुए किसानों की सुविधाओं हेतु समुचित व्यवस्थाएं की है।
आज नहीं होगी खरीद
भवानीमंडी. अ-श्रेणी कृषि उपज मंडी में बीते दो दिनों से जिंसों की बम्पर आवक हो रही है, इससे मंडी परिसर पूरी तहर से जिंसो के ढेर से अटा है। वहीं जिंसों की आवक से दिनभर मंडी परिसर में किसानों की चहल-पहल दिखाई दी। व्यापारी राजकुमार गुप्ता ने बताया की कृषि उपजमंडी में १० हजार बोरी गेहूं, ४ हजार बोरी धनिया, १५०० बोरी सोयाबीन, ३८०० बोरी सरसों, ३ हजार बोरी चना, ३०० बोरी अलसी, २०० बोरी मैथी की आवक हुई। कृषि उपज मंडी गेट से मंडी परिसर में चारों तरफ जिंसों के ढेर होने की वजह से वाहनों के कृषि उपज मंडी में जाने की जगह तक नहीं बची।
व्यापारियों को ट्रक नहीं मिल रहे
व्यापारी मनोहर पोरवाल ने बताया की जिंसों को भेजने के लिए व्यापारियों को ट्रक नहीं मिल रहे हैं, इसके चलते मंडी परिसर में २५ हजार जिंसों की बोरियां पड़ी हुई। इससे जिंसों के ढेरों को खाली करने के लिए मंडी परसिर में जगह ही नहीं बची है। इसको लेकर बुधवार को मंडी में अवकाश रहेगा। जिंसों की खरीद-फरोख्त नहीं होगी। ट्रांपोर्टर अविनाश जायवाल ने बताया की अधिकांश ट्रक संतरों और लहसुन भेजने में लगे हैं। इसके चलते व्यापारियों को जिंसों को भेजने के लिए ट्रक नहीं मिल रहे हैं।
आज कारोबार बंद
झालरापाटन. हरिश्चंद्र कृषि उपजमंडी में बुधवार को जिंसों की खरीद फरोक्त बंद रहेगी। खाद्य और तिलहन व्यापार संघ सचिव विजय मूदंड़ा व प्रवक्ता हरि राठौर ने बताया कि मंडी में इन दिनों जिंसों की भरपूर आवक होने के साथ ही जिंस को बाहर भेजने के लिए अंडर लोड के पर्याप्त परिवहन के साधन नहीं मिल रहे हैं, इससे परिसर में जिंस के स्टॉक के कारण स्थानाभाव हो रहा है, इसे देखते हुए एक दिन के लिए कारोबार बंद रखा है।