
भीषण गर्मी में खुले में काम कर रहे नरेगा श्रमिक
बकानी. ग्राम पंचायत आगरिया के सवा खो नवीन तलाई में चल रहे महात्मा गांधी महानरेगा कार्य स्थल में श्रमिकों के लिए छाया, पानी और दवाइयां का सुविधा नहीं मिलने से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
नरेगा कर्मी नारायण लाल वर्मा, मांगीलाल तंवर, पुरीलाल ने बताया कि सुबह 7 बजे से दोपहर 3 बजे तक नरेगा कार्य चलता है, इसमें से 10 से 11 बजे तक भोजन करने के लिए अवकाश मिलता है। गांव के दूरी पर नरेगा कार्य चल रहा है, यहां पर श्रमिकों के लिए न तो छाया की व्यवस्था है और न ही पीने की। ऐसे में भी नरेगा श्रमिक घरों से पानी की बोतल लेकर आते हैं, लेकिन तेज गर्मी होने के कारण वह पानी भी गर्म हो जाता है। मरीज की तबीयत बिगडऩे पर दवाइयों की व्यवस्था भी नहीं है, जबकि नियमानुसार नरेगा स्थल पर श्रमिकों के लिए छाया के लिए टेंट, पीने के लिए ठंडे पानी की मटकियां और दवाइयों की व्यवस्था की जाती है।
हादसों के बाद भी सबक नहीं
तीन साल पहले ग्राम पंचायत में महिला नरेगा श्रमिक की मौत हो चुकी है तो पिछली वर्ष ही झिझनिया में महिला की मौत होने के मामला सामने आया था और कई महिलाओं की तबीयत बिगडऩे पर अस्पताल में ईलाज भी कराना पड़ा। जबकि नरेगा की गाइड लाइन के अनुसार मौके पर सारी सुविधा होना अनिवार्य है।
Updated on:
01 May 2019 11:11 am
Published on:
01 May 2019 11:11 am
