
सस्ते किराए में ग्रामीणों को ऑटो में बिठाकर करते थे यह कांड, यूं दबोचा पुलिस ने
फव्वारे खरीदने जोधपुर आए किसान की जेब से 80 हजार चुराने का मामला
जोधपुर. सस्ते किराए का झांसा देकर ग्रामीणों को ऑटो रिक्शा में बिठाकर जेब काटने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर प्रतापनगर थाना पुलिस ने शुक्रवार को दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया। तीसरे आरोपी की तलाश की जा रही है। थानाधिकारी अचल सिंह ने बताया कि गत 14 जून को केतू में जवाहर नगर निवासी किसान देवीसिंह (72) पुत्र किशन सिंह ट्यूबवेल के लिए फव्वारे खरीदने बस से जोधपुर आए थे। आखलिया चौराहे के पास वो बस से नीचे उतरे। वहां मौजूद ऑटो रिक्शा चालक ने सिर्फ दस रुपए में पावटा छोडऩे का लालच देकर वृद्ध को ऑटो में बिठा लिया था। पीछे बैठे चालक के दो साथियों ने वृद्ध की जेब से अस्सी हजार रुपए चुराकर उसे रास्ते में उतार दिया था।
इस मामले में संदिग्धों से पूछताछ के बाद उप निरीक्षक मानाराम, हैड कांस्टेबल पोकरमल, गंगा सिंह, कांस्टेबल महेन्द्र चौधरी व मूल सिंह ने सूंथला निवासी जाकिर हुसैन पुत्र जलालुद्दीन व केबीएचबी निवासी अशोक मोतियानी पुत्र बसंत मल को हिरासत में लिया। दोनों ने अजमेर निवासी बलवीर उर्फ कालू पुत्र सुरजीत सिंह के साथ मिलकर देवी सिंह की जेब से 80 हजार रुपए चुराना स्वीकार किया। पुलिस ने जाकिर हुसैन व अशोक को गिरफ्तार किया। जबकि बलवीर की तलाश की जा रही है। जाकिर से ऑटो रिक्शा जब्त किया गया है।
बस से उतरने वाले ग्रामीणों पर रहती नजर
पुलिस का कहना है कि जाकिर ने डेढ़ सौ रुपए प्रतिदिन के हिसाब से ऑटो किराए पर ले रखा है। तीनों बदमाश ग्रामीण क्षेत्र से आने वाली बसों के स्टैण्ड पर खड़े रहते हैं। दो आरोपी ऑटो में बतौर सवारी बैठे रहते। जबकि जाकिर बस से उतरने वाले भोले-भाले ग्रामीणों में शिकार तलाशता। गत 14 जून को देवी सिंह के बस से उतरते ही चालक उसे ऑटो में बिठाने की ताक में लग गया। उसने महज दस रुपए में पावटा छोडऩे का झांसा दिया। उसने वृद्ध से कहा कि ऑटो रिक्शा में बैठे दो अन्य को भी पावटा की तरफ जाना है, इसलिए वह कम दर पर उसे भी छोड़ देगा। झांसे में आकर यात्री ऑटो रिक्शा में बैठ गया। पहले से मौजूद दोनों व्यक्तियों ने उसे बीच में बिठाया। चालक लापरवाही से गड्डों में ऑटो कूदाते हुए ले जाता है। इस दौरान यात्री की जेब से रुपए या पर्स चुरा लिया जाता है। तीनों आरोपी शातिर जेब तर्राश हैं।
इशारा मिलते ही उतार देते बीच रास्ते में
जेब काटने के बाद पीछे बैठे साथियों से चालक को इशारा मिल जाता है। तब चालक किसी व्यक्ति का फोन आने और आवश्यक कार्य होने का बहाना बनाने लग जाता है। ऐसे में वह ऑटो रिक्शा रोककर यात्री को बीच रास्ते में उतार देता है।
Published on:
16 Jun 2018 11:17 am
