
मां की हत्या कर 24 घंटे तक शव के पास रहा बेटा, दुर्गंध आने पर पड़ोसी छत पर गए तो मारने लगा पत्थर
जोधपुर।
खांडा फलसा थाना क्षेत्र में मानसिक बीमार बेटे ने सिर पर पत्थर मारकर मां की हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी 24 घंटे तक घर में शव के साथ रहा। पड़ोसियों ने बदबू आने पर सोमवार देर रात दरवाजा खटखटाया लेकिन किसी ने दरवाजा नहीं खोला। पडोसी छत पर गए तो आरोपी बेटा हाथ में पत्थर लिए बैठा मिला। पड़ोसियों ने घर में जाने का प्रयास किया तो आरोपी ने पत्थर मारकर लोगों भगाने का प्रयास किया। इधर पुलिस ने सूचना मिलते ही शव को एमजीएच मोर्चरी में रखवा बेटे को हिरासत में ले लिया।
पुलिस के अनुसार धानमंडी काली टंकी निवासी रजिया बानो (60) पत्नी इंदु खां अपने पुत्र कालू खां के साथ रहती थी। दोनों मानसिक रूप से बीमार थे और उनका इलाज भी चल रहा था। मां-पुत्र आए दिन झगड़ते थे। पड़ोस में रहने वाले रिश्तेदार बीच-बचाव करने आते तो वे उनसे भी झगड़ते थे। कालू खां ने झगड़े के बाद घर की छत पर बने कमरे में मां के सिर पर पत्थर मार कर हत्या कर दी। हत्या के बाद वह मां के शव के साथ घर में रहा।
पड़ोसियों ने उसे आखरी बार रविवार सुबह 3 बजे घर के बाहर देखा था। सोमवार देर रात करीब 10.30 बजे पड़ोसियों को घर से बदबू आने पर संदेह हुआ। उन्होंने पहले दरवाजा खटखटाया लेकिन किसी के दरवाजा नहीं खोलने पर वे छत पर गए। जहां कालू खां हाथ में पत्थर लिए बैठा था। पड़ोसियों ने पास जाने का प्रयास किया तो वह पत्थर मारकर लोगों को भगाने लगा। इस पर लोगों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंच कालू खां को हिरासत में लिया। पुलिस को मौके से खून से सना पत्थर भी मिला। मृतक रजिया बानो के सिर में चोट का निशान था। प्रारंभिक जांच के अनुसार हत्या करीब 24 घंटे पहले की गई। एफएसएल टीम से मौके से साक्ष्य जुटाकर शव को एमजीएच मोर्चरी में रखवाया।
भांजा ईद का सामान देने आया तो पत्थर मारे
रजिया का भांजा सोमवार रात करीब 10 बजे ईद की खरीदारी कर कुछ सामान देने घर आया था। उसने दरवाजा खटखटाया तो कालू खां ने दरवाजा नहीं खोला। उसने आवाज लगा कालू खां को दरवाजा खोलने के लिए कहा लेकिन कालू खां ने उसे अंदर नहीं आने दिया। इसके बाद कालू खां ने छत से पत्थर मारने लगा। इस पर लोगों को संदेह हुआ।
पत्नी चार बच्चों सहित पीहर में
कालू खां की पत्नी काफी समय से चार बच्चों के साथ पीहर में रहती हैं। कालू खां की दो बहनें सुसराल में रहती हैं। घर पर मां-पुत्र अकेले रहते थे।
झगडे़ के डर से घर नहीं जाते थे लोग
रजिया के रिश्तेदार भी पड़ोस में रहते हैं। लेकिन मां-बेटे के बीच आए दिन झगड़े होते थे। कई बार रिश्तेदार बीच-बचाव करने जाते तो वे उनसे भी झगड़ा करने लग जाते थे। इससे वे उनके घर जाने से कतराते थे।
Published on:
04 Jun 2019 07:00 am
