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हिंदू रीति-रिवाजों से हुआ विदेशी महिला का अंतिम संस्कार, अब यूक्रेन पहुंचेगी अस्थियां, घूमने आई थी जोधपुर

Jodhpur News: जोधपुर घूमने आई यूक्रेन की 58 साल की महिला कतरीना ह्रीहोरेंको की नींद में मौत हो गई जिसके बाद उनका अंतिम संस्कार पूरे हिंदू रीति-रिवाजों से किया गया।
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जोधपुर

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Akshita Deora

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Ankit Sai

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Updated: 11 Dec 2025, 3:03 PM IST

Ukrain Woman Last Rites

फाइल फोटो: पत्रिका

Ukraine Woman Funeral In Jodhpur: जोधपुर में घूमने आई यूक्रेन की 58 वर्षीय महिला कतरीना ह्रीहोरेंको का अंतिम संस्कार पूरे हिंदू रीति-रिवाजों और वैदिक मंत्रों के साथ किया। वे 30 दिन के टूरिस्ट वीजा पर भारत आई थीं और अपने परिचित के घर ठहरी थीं।

नींद में उनकी मौत हो गई, जिसके बाद परिवार और दूतावास ने भारत में ही उनका दाह संस्कार करने का निर्णय लिया। अब अस्थियां यूक्रेन भेजी जाएंगी।

कैसे हुआ अंतिम संस्कार

कतरीना की मौत की सूचना उनके परिवार को दी गई, जिसके बाद यूक्रेनी दूतावास ने मुंबई की इंडियन फ्यूनरल सर्विस एजेंसी को पूरी जिम्मेदारी सौंपी। परिवार ने शरीर को यूक्रेन भेजने के बजाय जोधपुर में हिंदू परंपराओं के अनुसार अंतिम संस्कार करवाने का फैसला लिया। हिंदू सेवा मंडल स्वर्गाश्रम में वैदिक मंत्रों के बीच दाह संस्कार संपन्न हुआ। मंडल के सदस्यों ने ही मुखाग्नि दी। पूरी प्रक्रिया यूक्रेनी दूतावास के निर्देश और फ्यूनरल एजेंसी की उपस्थिति में पूरी की गई।

जानें क्यों करना पड़ा भारत में अंतिम संस्कार?

कतरीना चौपासनी हाउसिंग बोर्ड में अपने मित्र के घर रुकी थीं। शनिवार सुबह वे उठीं परिवार को गुड मॉर्निंग कहा और फिर आराम करने चली गईं। दोपहर तक न उठने पर मकान मालिक ने उन्हें देखा तो वे बेहोशी की हालत में थीं। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पोस्टमॉर्टम और प्रारंभिक जांच में कार्डियक अरेस्ट होने की आशंका जताई। परिस्थितियों को देखते हुए परिवार ने यह निर्णय लिया कि शरीर को यूक्रेन भेजने की प्रक्रिया लंबी और जटिल होगी, इसलिए भारत में ही हिंदू रीति-रिवाजों से अंतिम संस्कार किया जाए।

अब यूक्रेन जाएंगी अस्थियां

दाह संस्कार के बाद हिंदू सेवा मंडल अस्थियां एकत्र कर उन्हें फ्यूनरल एजेंसी को सौंपेगा। एजेंसी इन्हें यूक्रेनी दूतावास के माध्यम से यूक्रेन भेजेगी। कतरीना इससे पहले भी तीन बार भारत आ चुकी थीं।