
foreigners adopt kids with physical disabilities and fatal diseases
जोधपुर। चौपासनी हाउसिंग बोर्ड स्थित नवजीवन संस्थान की ओर से संचालित लवकुश बाल विकास केन्द्र से तीन दशक में 858 बच्चों का पुनर्वास हो चुका है। वर्ष 2015 के बाद अनाथ बच्चों को गोद लेने के कड़े नियम और प्रक्रिया के बावजूद देश के विभिन्न राज्यों के साथ विदेशों से भी बच्चा गोद लेने वालों की संख्या में इजाफा हुआ है। इस संस्थान की स्थापना के बाद से 2015 तक 787 बच्चे गोद दिए गए, जबकि 2015 के बाद तीन साल में 71 बच्चे गोद दिए गए। नवजीवन संस्थान के संचालक राजेन्द्र परिहार ने बताया कि बच्चा गोद लेने की प्रक्रिया केंद्रीय महिला और बाल विकास मंत्रालय के अधीन सेंट्रल एडोप्शन रिसोर्स अथॉरिटी के माध्यम से पूरी होती है।
भारतीय और विदेशी नागरिक के लिए अनाथ बच्चा गोद लेने की प्रक्रिया अलग-अलग है। करीब 32 तरह के डॉक्युमेंट्स और सख्त जांच प्रक्रिया से गुजरने के बाद ही बच्चा गोद दिया जाता है। संस्थान की ओर से हाल ही में स्वीडन और कनाडा में तीन बालिकाओं को गोद दिया गया। संस्थान में गत 28 वर्ष में कुल 1452 बच्चों का प्रवेश हुआ। इनमें से 858 बच्चों को गोद दिया गया और 19 बालिकाओं का विवाह संस्थान की ओर से कराया गया। परिहार ने बताया कि पहले मारवाड़ क्षेत्र के लोग ही अनाथ बच्चों को गोद लेते थे। अब कड़े नियमों और पारदर्शिता के कारण भारत ही नहीं, विश्व के किसी भी कोने से बच्चा गोद लेने के लिए रजिस्ट्रेशन कराया जा सकता है। उन्होंने कहा कि खुशी की बात तो यह है कि शारीरिक अक्षमता या गंभीर रोग से ग्रस्त अनाथ बच्चों को भी विदेशी सहज तरीके से गोद ले रहे हैं। इसका कारण यह है कि ऐसे बच्चों का विदेशों में आसानी से उपचार हो सकता है।
गोद लेने के इच्छुक कर सकते हैं ऑनलाइन आवेदन
बच्चे को गोद लेने के इच्छुक निसंतान दंपती कई बार कानूनी पचड़ों और बिचौलिये की भूमिका निभाने वाली संस्थाओं के चक्कर में फंस कर विफल हो जाते हैं। भारत सरकार ने बच्चा गोद लेने के नियमों में फेरबदल कर उन्हें आसान बनाया है। शिशु दत्तक ग्रहण संसाधन सूचना एवं दिशा-निर्देश प्रणाली के तहत इच्छुक दंपती ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। अनाथ और त्यागे गए बच्चों को गोद लेने के लिए अधिक कारगर नियमन मुहैया कराना दिशा निर्देश का उद्देश्य है। इससे सम्भावित माता-पिताओं के लिए उनके आवदेनों की स्थिति का पता लगाना संभव होगा जिससे पूरी प्रणाली अधिक अनुकूल हो जाएगी। घरेलू एवं अंतर्देशीय गोद लेने की प्रक्रिया के लिए सुस्पष्ट समय.सीमा तैयार की गई है। गोद लेने के इच्छुक लोगों को वेबसाइट पर पंजीयन अथवा सीधे ऑनलाइन रजिस्टर कर सकते हैं।
Published on:
20 Aug 2018 07:40 pm
