11 अगस्त 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

जोधपुर के भूतेश्वर वन खंड में स्थित हैं 300 साल पुराना शिवालय, हमेशा जागृत अवस्था में रहते हैं जागनाथ महादेव

चांदपोल के बाहर भूतेश्वर वन खण्ड की पहाडिय़ों पर करीब 300 साल प्राचीन शिवालय जागनाथ महादेव का जैसा नाम है वैसा ही उनका स्वरूप भी है। भक्तों की मनोइच्छा पूरी करने के लिए हमेशा जाग्रत अवस्था में विद्यमान हैं।
less than 1 minute read
Google source verification
shiv temples in jodhpur

जोधपुर के भूतेश्वर वन खंड में स्थित हैं 300 साल पुराना शिवालय, हमेशा जागृत अवस्था में रहते हैं जागनाथ महादेव

जोधपुर. चांदपोल के बाहर भूतेश्वर वन खण्ड की पहाडिय़ों पर करीब 300 साल प्राचीन शिवालय जागनाथ महादेव का जैसा नाम है वैसा ही उनका स्वरूप भी है। भक्तों की मनोइच्छा पूरी करने के लिए हमेशा जाग्रत अवस्था में विद्यमान हैं। श्रावण मास में नियमित दूध, ऋतुपुष्पों, इत्र, विजया, सूखा मेवा, ऋतु फलों से अभिषेक और शृंगार किया जाता है। प्राचीन मंदिर का कोई ट्रस्ट नहीं है।

हर प्रहर में अलग रूप में दर्शन देते हैं सामुजेश्वर महादेव

मंदिर से महादेव के भक्तों ने भोलेनाथ की साधना आराधना के साथ महादेव चरित्र गंगाधर को खुद में उतारा और प्रकृति पर्यावरण की समृद्धि के लिए महादेव के अभिषेक और मंदिर प्रांगण में एकत्रित वर्षा जल का सदुपयोग कर मंदिर परिसर में एक हजार से अधिक पेड़ पौधों की विशाल बगिया महका कर अनूठा उदाहरण भी पेश किया है।

जोधपुर के तोरणेश्वर शिवालय में अर्जुन ने लिए थे सुभद्रा संग सात फेरे, यहां पूरी हुई थी तोरण की रस्म

मंदिर परिसर में पेड़- पौधों की विशाल शृंखला प्रकृति का आभास कराती है। राजेन्द्र वल्लभ व्यास ने बताया कि मंदिर में दशकों से अखंड ज्योत प्रज्ज्वलित है। श्रावण मास में नियमित अभिषेक पं. सुरेन्द्र मुथा, एजी पुरोहित, उदयकिशन व्यास के संयोजन में और शृंगार मनीष पुरोहित की देखरेख में किया जाता है।