मामले को लेकर सुबह से ही एमजीएच मोर्चरी के बाहर परिजन, ग्रामीण व समाज के लोग जमा हो गए। ससुराल पक्ष वाले शव लेना चाहते थे, लेकिन पीहर पक्ष ने ऐतराज जताया। एसीपी नगेन्द्र कुमार व थानाधिकारी राजेन्द्र सिंह चौधरी की समझाइश के बाद दोपहर में शव पीहर पक्ष को सौंपे गए।