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Rajasthan News : अब रेगिस्तान में भी उग रहीं पांच सितारा होटल की महंगी सब्जियां

Rajasthan News : केंद्रीय शुष्क क्षेत्र अनुसंधान संस्थान (काजरी) ने पॉलीहाउस और हाइड्रोपिक खेती की तकनीक विकसित की है। इससे पांच सितारा होटल में मिलने वाली महंगी सब्जियां भी खेत और घरों में आसानी से उगाई जा सकती है।

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Rajasthan News : केंद्रीय शुष्क क्षेत्र अनुसंधान संस्थान (काजरी) ने पॉलीहाउस और हाइड्रोपिक खेती की तकनीक विकसित की है। इससे पांच सितारा होटल में मिलने वाली महंगी सब्जियां भी खेत और घरों में आसानी से उगाई जा सकती है। इसमें चेरी टमाटर, ब्रोकली, रंग-बिरंगी शिमला मिर्च, एग प्लांट, ऑर्गेनिक फूल गोभी, खीरा, आधा दर्जन से अधिक प्रकार के सलाद पत्ते शामिल हैं। बाजार में इनकी कीमत 300 से 600 रुपए किलो है, लेकिन पॉलीहाउस में उगाने पर 50 से 100 रुपए प्रति किलो तक पड़ती है। कुछ सब्जियां 30 से 40 रुपए प्रति किलो तक पड़ती हैं। इन्हें युवा सस्ते दाम में बेचकर अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं।

नेट हाउस-पॉलीहाउस दोनों उपयोगी
काजरी के सब्जी वैज्ञानिक डॉ. प्रदीप कुमार ने बताया कि सब्जियां उगाने के लिए नेट हाउस और पॉलीहाउस दोनों उपयोगी हैं। सर्दियों में नेट हाउस में सब्जियां आसानी से उग सकती हैं। वर्ष भर सब्जियां लेने के लिए पॉलीहाउस लगाना पड़ता है। हाइड्रोपिक खेती के लिए कूङ्क्षलग पॉलीहाउस की जरूरत पड़ती है, जिसके बाहर कूलर लगे रहते हैं। इससे तापमान नियंत्रण में रहता है। इसमें बकेट लगाकर बगैर मिट्टी के भी कम जगह में सब्जियां ले सकते हैं। इसमें तरल पोषक पदार्थ का उपयोग किया जाता है।

दूसरे राज्यों से आती हैं सब्जियां
जोधपुर सहित आसपास के क्षेत्रों में सामान्य सब्जी ही होती है। गर्मियों में सब्जियों की संख्या और कम हो जाती है। अधिकांश सब्जियां दूसरे राज्यों से आती हैं। यहां तक की खीरा-टमाटर भी मध्यप्रदेश व महाराष्ट्र से आता है। कई सब्जियां उत्तरप्रदेश से आती हैं। काजरी की तकनीक से ठंडे प्रदेशों की सब्जियां उगाकर युवा नया रोजगार प्राप्त कर सकते हैं।

शहरों में बढ़ रही मांग, पोषक तत्वों से भरपूर
प्रधान वैज्ञानिक डॉ. धीरज सिंह ने बताया कि स्वास्थ्य के प्रति जागरुकता बढऩे से पत्तेदार सब्जियों और सलाद की शहरों में लगातार मांग बढ़ रही है। पोषक तत्वों से भरपूर होने की वजह से डॉक्टर्स भी इन्हें खाने की सलाह देते हैं।

ऐसे होता है फायदा
- पोषक तत्वों से युक्त चेरी टमाटर बाजार में 300 से 400 रुपए किलो है। एक गुच्छे में 100 से 150 टमाटर लगेंगे। पॉलीहाउस में इसका खर्चा 30-40 रुपए आता है।
- लाल, पीली, जामुनी और भूरे रंग की शिमला मिर्च 250 से 300 रुपए किलो है।
- लंबे खीरे 80 से 100 रुपए किलो मिलते हैं, जबकि इनका खर्चा दस रुपए तक आता है।
- एग प्लांट एक तरह का बीज रहित बैंगन है, जो स्नेक्स के रूप में काम आता है।
- कूलिंग पॉलीहाउस में गर्मियों में भी ब्रोकली ले सकेंगे जो प्रोटीन से भरपूर होती है।
- सिलेरी, पारस्ले, रेनबो चार्ड, लीटिल जेम, कोलार्डस, रोजमेरी जैसे सलाद पत्ते व हर्बस खनिज व विटामिन से भरपूर है।

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