
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के लिए केस्को को मिलेगा 85 करोड़ रुपये का बजट
कानपुर। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट में केस्को के पॉवर सप्लाई सिस्टम को भी हाईटेक करने की तैयारी कर ली गई है. कंपनी बाग से नरौना चौराहा के बीच चुने गए इस एरिया बेस्ड डेवलपमेंट में स्काडा पॉवर सप्लाई सिस्टम का इस्तेमाल होगा. स्मार्ट सिटी मिशन में सुपरवाइजरी कन्ट्रोल एंड डाटा एक्वीजीशन सिस्टम (स्काडा) के लिए 85 करोड़ रुपए रखे गए हैं. बुधवार को हुई बोर्ड मीटिंग में स्काडा सिस्टम के लिए केस्को को प्रपोजल तैयार करने को भी कहा गया है. शुक्रवार को केस्को के ऑफिसर स्काडा सिस्टम और इसके लिए कमेटी बनाने के लिए माथापच्ची करते रहे.
8 सबस्टेशन होंगे हाईटेक
स्मार्ट सिटी मिशन के अर्न्तगत एरिया बेस्ड डेवलपमेंट के लिए कम्पनी बाग चौराहा से नरौना चौराहा के बीच का एरिया चुना गया है. इस एरिया में कंपनी बाग, तिलक नगर, खलासी लाइन, सूटरगंज, ग्वालटोली, परमट, सिविल लाइंस, मालरोड आदि मोहल्ले आते हैं. केस्को ऑफिसर्स के मुताबिक इन मोहल्लों में कंपनी बाग, भैरोघाट, बीएस पार्क, ग्वालटोली, आरपीएच, म्योर मिल, सरसैयाघाट, फूलबाग आदि सबस्टेशन से पॉवर सप्लाई की जाती है.
ताकि मिले ट्रिपिंग फ्री पॉवर सप्लाई
स्मार्ट सिटी मिशन के तहत एरिया बेस्ड डेवलपमेंट स्काडा बेस्ड पॉवर सप्लाई सिस्टम को भी रखा गया है, जिससे लोगों को ट्रिपिंग फ्री पॉवर सप्लाई मिल सकेगी. इसके लिए 85 करोड़ रुपए स्काडा सिस्टम के लिए रखे गए हैं. केस्को ऑफिसर्स के मुताबिक 460 करोड़ के आईपीडीएस प्रोजेक्ट के तहत दशकों पुराने 6.6 केवी सिस्टम को बदला जा चुका है. ओवरलोडिंग की समस्या के हल के लिए सबस्टेशन में एक्स्ट्रा पॉवर व डिस्ट्रिब्यूशन ट्रांसफॉर्मर भी लगाए जा चुके हैं. इसलिए स्काडा सिस्टम में अधिक खर्च नहीं आएगा.
स्मार्ट मीटर का होगा इस्तेमाल
स्मार्ट सिटी के प्रोजेक्ट्स में स्काडा सिस्टम के लिए 85 करोड़ के अलावा स्मार्ट मीटर के लिए 40 करोड़ रुपए रखे गए थे. हालांकि बोर्ड मीटिंग में मौजूद केस्को एमडी सौम्या अग्र्रवाल व चीफ संतोष तिवारी ने बताया कि यूपीपीसीएल से सिटी को 2 लाख स्मार्ट मीटर मिलने हैं. इसलिए 40 करोड़ के इस प्रोजेक्ट को ड्राप कर दिया गया. हालांकि बोर्ड मीटिंग में बेहतर पॉवर सप्लाई के लिए 85 करोड़ से स्काडा सिस्टम के लिए केस्को को प्रोजेक्ट तैयार करने को कहा गया. फ्राईडे को केस्को के ऑफिसर स्काडा सिस्टम को डिस्कशन और कमेटी को लेकर डिस्कशन करते रहे. कमेटी चीफ इंजीनियर संतोष तिवारी की अध्यक्षता में कमेटी बनाने की तैयारी हो रही है.
इस कमेटी में जीएम आरिफ मोहम्मद, एसई हेडक्वार्टर पीके सिंह, पीएटी मनीष गुप्ता, डीजीएम पंकज सक्सेना हो सकते हैं. कंपनी बाग, तिलक नगर, खलासी लाइन, सूटरगंज, ग्वालटोली, परमट, सिविल लाइंस, मालरोड होंगे एरिया बेस्ड डेवलपमेंट. कंपनी बाग, भैरोघाट, बीएस पार्क, ग्वालटोली, आरपीएच, म्योर मिल, सरसैयाघाट, फूलबाग के सबस्टेशन हाईटेक होंगे.
ऐसे मिलेंगे फायदे
- विभिन्न स्तरों पर प्रोटेक्शन होने की वजह फॉल्ट, ब्रेकडाउन पर लगेगा अंकुश
- ओवरलोडिंग आदि समस्याओं होने पर हाईटेक कन्ट्रोल रूम में बजने लगेगा अलार्म
- लोड शेयरिंग कर ट्रांसफॉर्मर, लाइन, केबल आदि सप्लाई सिस्टम डैमेज होने से बचाया जा सकेगा.
- लो वोल्टेज की समस्या नहीं रहेगी
- घर-घर जाकर मीटर रीडिंग की समस्या नहीं रहेगी, मीटर रीडर नहीं कर सकेंगे परेशान
- फॉल्ट होने पर तुरन्त ही स्काडा कन्ट्रोल रूम को मिल जाएगा जानकारी
- फॉल्ट होने पर एकसाथ हजारों घरों की बिजली नहीं होगी गुल, कन्ट्रोल रूम से संबंधित ट्रांसफॉर्मर या एलटी लाइन की सप्लाई की जा सकेगी बंद
Published on:
07 Jul 2018 01:43 pm
