11 मार्च 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Rajasthan News : मदरसे के मुफ्ती ने की 10 साल की मासूम से अश्लील हरकत, VIDEO में कैद हुई ‘दरिंदगी’

राजस्थान के करौली जिले से एक रूह कंपा देने वाली और शर्मनाक घटना सामने आई है, जहां एक मदरसे के भीतर मासूम बच्चियों की गरिमा को तार-तार किया गया।

2 min read
Google source verification

राजस्थान के करौली जिले में एक मदरसे के भीतर 5वीं कक्षा तक की मासूम छात्राओं के साथ अश्लील हरकतें करने का घिनौना मामला उजागर हुआ है। आरोपी मुफ्ती सद्दाम हुसैन तेली पर आरोप है कि उसने पवित्र परिसर को अपनी अश्लीलता का अड्डा बना रखा था। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी लोकेश सोनवाल ने स्वयं कमान संभाली है। आरोपी के खिलाफ न केवल बयान, बल्कि पुख्ता वीडियो साक्ष्य भी पुलिस को सौंपे गए हैं, जिसके बाद पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया है।

5वीं क्लास की बच्चियां और 'मुफ्ती' की दरिंदगी

जानकारी के अनुसार, जिस मदरसे में यह घटना हुई, वहां केवल कक्षा 5वीं तक की छोटी बच्चियां पढ़ाई करती हैं। शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि आरोपी मुफ्ती सद्दाम हुसैन पिछले करीब एक साल से इन नाबालिग बच्चियों को अपनी हवस और अश्लीलता का निशाना बना रहा था। जिस बच्ची के साथ हालिया वीडियो सामने आया है, उसकी उम्र महज 10 वर्ष बताई जा रही है।

पेन ड्राइव में कैद 'गुनाहों का चिट्ठा': पुलिस के पास पुख्ता सबूत

इस मामले में सबसे चौंकाने वाला मोड़ तब आया जब शिकायतकर्ता ने पुलिस अधिकारियों को एक पेन ड्राइव (Pen Drive) सौंपी। इस पेन ड्राइव में मदरसे के भीतर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज हैं, जिसमें मुफ्ती सद्दाम हुसैन को एक 10 साल की बच्ची के साथ अश्लील हरकतें करते हुए साफ देखा जा सकता है। पुलिस ने इन फुटेज को सबसे महत्वपूर्ण सबूत माना है।

मोबाइल में अश्लील फिल्मों का भंडार

जानकारी के अनुसार, हिरासत में लिए जाने के बाद जब पुलिस ने आरोपी सद्दाम हुसैन के मोबाइल की छानबीन की, तो उसमें लगातार अश्लील फिल्में देखने के प्रमाण मिले। आरोपी के मोबाइल में भारी मात्रा में 'पॉर्न' कंटेंट मिला है, जो उसकी विकृत मानसिकता को उजागर करता है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या वह बच्चियों को डरा-धमकाकर लंबे समय से यह सब कर रहा था।

एसपी लोकेश सोनवाल का एक्शन: अन्य लोगों पर भी शक

एसपी लोकेश सोनवाल के निर्देशन में पुलिस की विशेष टीम इस मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है। एफआईआर में मुफ्ती के अलावा कुछ अन्य लोगों के नाम भी शामिल होने की सूचना है, जो या तो इस कृत्य में शामिल थे या इसे दबाने की कोशिश कर रहे थे। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी के खिलाफ पॉक्सो (POCSO) एक्ट और भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न कठोर धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है।