3 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

कोल इंडिया ने भी थर्मल प्लांटों को दी थोड़ी राहत, नहीं ली जाएगी कोयले की एडवांस राशि

Coal India: सीआईएल मौजूदा वित्त वर्ष 2020-21 में बिजली क्षेत्र के उपभोक्ताओं को अपने कोयला भंडार के लगभग अस्सी प्रतिशत की कर रही आपूर्ति

less than 1 minute read
Google source verification
कोल इंडिया ने भी थर्मल प्लांटों को दी थोड़ी राहत, नहीं ली जाएगी कोयले की एडवांस राशि

कोल इंडिया ने भी थर्मल प्लांटों को दी थोड़ी राहत, नहीं ली जाएगी कोयले की एडवांस राशि

कोरबा. कोरोना संकट को देखते हुए कोल इंडिया (Coal India) ने भी थर्मल प्लांटों को थोड़ी राहत दी है। इसके तहत प्लांटों से कोयले की एडवांस राशि नहीं ली जाएगी। लेकिन प्लांटों को एक निश्चित अवधि में कोल इंडिया को राशि की भुगतान करनी होगी। इसकी जानकारी कोल इंडिया (Coal India) की ओर से एक ब्यान जारी करके दी गई है।

बताया गया है कि सीआईएल मौजूदा वित्त वर्ष 2020-21 में बिजली क्षेत्र के उपभोक्ताओं को अपने कोयला भंडार के लगभग अस्सी प्रतिशत की आपूर्ति कर रही है। साथ ही बिजली क्षेत्र के लिए 550 मिलियन टन कोयला देने की पेशकश की है। बिजली क्षेत्र के उपभोक्ताओं को राहत देने और कोयले की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए सीआईएल ने ईंधन आपूर्ति समझौते (एफएसए) के तहत अग्रिम नकद भुगतान की बजाए भविष्य में एक निश्चित अवधि में भुगतान की सुविधा वाला (यूजेन्स) ऋण पत्र जारी करने की सुविधा प्रदान की है। इससे बिजली उत्पादक कंपनियों को अपने कार्यशील पूंजी कर को बेहतर बनाने में काफी मदद मिलेगी।

सीआईएल ने इस वर्ष के अप्रैल महीने से गैर बिजली क्षेत्र के उपभोक्ताओं के लिए भी ऐसी ही एक व्यवस्था शुरु की है। इससे बाजारों में कोयले की उपलब्धता को बढ़ावा मिलेगा और साथ ही कोयला उभोक्ताओं को भी बहुप्रतीक्षित राहत मिलेगी।