
Public Opinion : इस क्षेत्र के 40 से अधिक गांवों में घंटों गुल रहती है बिजली, अंधेरे में रात गुजारने मजबूर हैं कई ग्रामीण
चैतमा. एक सब स्टेशन अंतर्गत तीन फीडर से 40 से 45 गांव में बिजली आपूर्ति के कारण बार-बार बिजली गुल हो रही है। जिससे ग्रामीणों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शिकायत के बावजूद घंटो लाइटे बंद रहती है। जिससे ग्रामीणों में आक्रोश है।
सरकार की घर-घर बिजली पहुंचाने की योजना फेल हो रही है। चैतमा सब स्टेशन अंतर्गत 40 से अधिक गांव बिजली की समस्या की से परेशान है। ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध बिजली आपूर्ति को लेकर 10 साल पहले सब स्टेशन बनाया गया। यहां जमनीपाली से कटघोरा व कटघोरा से चैतमा 33 केवी लाईन आती है। पाली व बांधाखार सब स्टेशन के अलावा 40 से अधिक गांवों की बिजली सप्लाई किया जाता है। उस सब स्टेशन की अधिकांश सामान खराब हो चुके हैं।
तीन फीडर से बिजली सप्लाई की जा रही है। किसी भी लाइन में खराबी आने पर सुधार के लिए सभी फीडर के लाइट को बंद करना पड़ता है। इस दौरान 40 से 45 गांव की बिजली बाधित होती है। बिजली कटौती से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। साथ ही सब स्टेशन में पेयजल व अर्थिंग में पानी डालने के लिए बोर खनन किया गया था। नलकूप दो साल से खराब पड़ा है। इस संबंध में कई बार शिकातय की गई है, लेकिन बिजली की दुरुस्तीकरण पर ध्यान नहीं दिया जाता है। इससे लगातार समस्या बढ़ती जा रही है।
दो साल से बिजली गुल, ग्रामीण परेशान
पहाड़ी अंचल के ग्राम उमराव, सपलवा, पहाड़ागांव, रामाकछार पंचायत व इसके अंतर्गत आने वाले मोहल्ले में चैतमा सब स्टेशन से विद्युत सप्लाई दिया गया। दो साल पहले कलेक्टर दौरा के बाद से बिजली गुल हो गई। इसके बाद से लाइट नहीं आई। आज तक ग्राम में अंधेरा पसरा हुआ है। इससे ग्रामीणों को काफी परेशानी हो रही है।
बिल का भुगतान लेने नहीं पहुंचे ग्रामीण
चैतमा में बिजली का भुगतान लेने कर्मचारी पहुंचते हैं। लेकिन पिछले महीने कर्मचारी नहीं आए। ग्रामीण पाली जाकर घंटो लंबी कतार में खड़े होकर बिल जमा कर रहें हैं। कई ग्रामीणों ने बिल का भुगतान नहीं किया है। बिल लेने नहीं आने पर उपभोक्ताओं की समस्या बढ़ रही है।
-सब स्टेशन की खराबी, नलकूप व अन्य समस्याओं का निराकराण जल्द से जल्द दूर करने का प्रयास किया जाएगा- रंजीत सिंह, ईई, कोरबा
Published on:
31 Jul 2018, 11:12 AM IST
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