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रेस्क्यू के दौरान 5 फीट लंबे कोबरा ने डंसा, पकड़ने के बाद इलाज के लिए अस्पताल पहुंचे ‘टाइगर’, डॉक्टर ने किया कोटा रेफर

Cobra Rescue In Kota: कोटा जिले में कोबरा का रेस्क्यू करने पहुंचे हयात खान उर्फ 'टाइगर' को उसी सांप ने डस लिया। इसके बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और कोबरा को सुरक्षित पकड़कर रेस्क्यू पूरा किया।
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कोटा

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Akshita Deora

Aug 06, 2026

Wildlife Rescuer Tiger

रेस्क्यूर हयात खान उर्फ 'टाइगर' का फोटो: पत्रिका

Cobra Bite Rescuer In Kota: पलभर में जहरीले सांपों को पकड़ने और खतरनाक वन्यजीवों का रेस्क्यू करने के लिए पहचाने जाने वाले रेस्क्यूर हयात खान उर्फ 'टाइगर' बुधवार देर रात खुद हादसे का शिकार हो गए। कोटा जिले के इटावा क्षेत्र के डोरली गांव में कोबरा का रेस्क्यू करने पहुंचे हयात खान को उसी कोबरा ने हाथ पर डस लिया। इसके बावजूद उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और कोबरा को सुरक्षित पकड़कर रेस्क्यू अभियान पूरा किया।

जानकारी के अनुसार डोरली गांव में करीब 5 फीट लंबे कोबरा के होने की सूचना मिलने पर हयात खान मौके पर पहुंचे थे। गांव में एक स्थान पर कोबरा छिपा हुआ था। हयात खान ने जैसे ही उसे पकड़ने का प्रयास किया तो कोबरा ने अचानक हमला कर दिया और उनके हाथ पर काट लिया। इसके बाद भी उन्होंने सावधानी बरतते हुए कोबरा को पकड़ लिया और उसे सुरक्षित कैद कर लिया।

कोटा मेडिकल कॉलेज किया रेफर

रेस्क्यू पूरा करने के बाद हयात खान अपने साथी के साथ इटावा के राजकीय उपचिकित्सालय पहुंचे। यहां चिकित्सकों ने उनका प्राथमिक उपचार किया। इसके बाद बेहतर इलाज के लिए उन्हें कोटा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। चिकित्सकों के अनुसार उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। हयात खान 'टाइगर' लंबे समय से कोटा और आसपास के क्षेत्रों में सांपों समेत अन्य खतरनाक वन्यजीवों के रेस्क्यू का काम कर रहे हैं। वे पहले भी कई बार जहरीले सांपों और अन्य जीवों को सुरक्षित पकड़कर लोगों को राहत दिला चुके हैं।

स्थानीय लोगों के अनुसार हयात खान को इलाके में वन्यजीव बचाव कार्यों के लिए जाना जाता है। उनका उद्देश्य खतरनाक जीवों को नुकसान पहुंचाए बिना सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाना है। इस घटना के बाद भी उन्होंने अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए पहले रेस्क्यू पूरा किया और उसके बाद उपचार के लिए अस्पताल पहुंचे। वन्यजीव विशेषज्ञों के अनुसार कोबरा जैसे जहरीले सांपों के रेस्क्यू के दौरान बेहद सावधानी की जरूरत होती है। थोड़ी सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। फिलहाल हयात खान चिकित्सकों की निगरानी में हैं और उनकी स्थिति में सुधार बताया जा रहा है। अभी वह कोटा के मेडिकल कॉलेज में ही भर्ती है जल्द ही उन्हें छुट्टी मिल जाएगी।