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Election 2019 : भाजपा से मुकाबले के लिए दो दशक बाद फिर ‘राम’ के सहारे कांग्रेस !

...हालांकि राजे के जादू के आगे कांग्रेस की चुनौती बेअसर रही थी।
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कोटा

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Rajesh Tripathi

Mar 19, 2019

kota news

Election 2019 : भाजपा से मुकाबले के लिए दो दशक बाद फिर 'राम' के सहारे कांग्रेस...

कोटा. राजस्थान की सभी 25 लोकसभा सीटों के लिए कांग्रेस ने सिंगल नामों का पैनल तैयार कर लिया है। रविवार को स्क्रीनिंग कमेटी की बैठक में ये तय हुआ। सूत्रों के मुताबिक राजस्थान की सीटों को लेकर केन्द्रीय चुनाव समिति की बैठक दिल्ली में होली के बाद होगी। उसमें इन नामों पर चर्चा कर सूची जारी की जाएगी। हाड़ौती की बात करें तो कोटा-बूंदी से रामनारायण मीणा नहीं बारां झालावाड़ से उर्मिला जैन को मौका मिल सकता है। इन दोनों नेताओं का नाम सिंगल पैनल में शामिल है।

दो दशक बाद फिर 'रामÓ पर मुहर
दरअसल प्रदेश कांग्रेस ने सभी सीटों पर सिंगल पैनल के नाम तय कर दिए हैं। लेकिन कई जगह जातिगत समीकरणों की वजह से पेंच फंसा हुआ है। कोटा-बूंदी लोकसभा सीट पर भाजपा द्वारा मौजूदा सांसद को टिकट देने की खबर के बाद अब कांग्रेस को यहां जीताऊ उम्मीदवार की तलाश हैं । ऐसे में जो नाम सबसे अधिक चर्चा में है जिले की ही पीपल्दा विधानसभा से विधायक रामनारायण मीणा का है। पहले ये माना जा रहा था कि पार्टी मीणा की वरिष्ठता को देखते हुए मंत्री बना सकती है लेकिन जब ऐसा नहीं हुआ तो ये कयास लगाए गए कि उन्हें लोकसभा चुनाव में कोटा-बूंदी सीट से उम्मीदवार बनाया जा सकता है । गौरतलब है कि रामनारायण मीणा कोटा से सांसद रह चुके हैं।

यहां हावी है परिवारवाद..
भाजपा के लिए प्रतिष्ठापूर्णं मानी जाने वाली राजस्थान की झालावाड़-बारां सीट में इस बार भी मुकाबला एक ही परिवार के बीच होने की उम्मीद जताई जा रही है। दरअसल यह तय माना जा रहा है कि यहां जंग राजे और भाया परिवार के बीच ही होगी और यहां से भाजपा मौजूदा सांसद दुष्यंत सिंह और कांग्रेस कैबिनेट मंत्री प्रमोद जैन भाया की पत्नी उर्मिला जैन को टिकट दे सकती है। ये दोनों परिवार 2009 और 2014 के चुनाव में भी आपस में भिड़े थे। 2009 में दुष्यंत सिंह के सामने उर्मिला जैन और 2014 में खुद प्रमोद जैन भाया ने यहां से चुनाव लड़ा था। हालांकि राजे के जादू के आगे कांग्रेस की चुनौती बेअसर रही थी।