
आखिर ऐसा क्या हुआ कि जिला प्रशासन को मांगनी पड़ी सेना और रेलवे से मदद, अंतरविभागीय बैठक में लिया ये निर्णय
कोटा. जिले में मौसमी बीमारियों के प्रभावी नियंत्रण एवं रोकथाम के लिए संबंधित विभागों को जिम्मेदारी तय करने के लिए अंतरविभागीय बैठक बुधवार को जिला कलक्टर मुक्तानन्द अग्रवाल की अध्यक्षता में टैगोर सभागार में हुई। इसमें करीब 15 विभागों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। मौसमी बीमारियों से लडऩे के लिए इस बार सभी विभाग मिलकर काम करेंगे। बैठक में बारिश से पहले सभी तैयारियां करने पर जोर दिया गया। इस बार मौसमी बीमारियों लडऩे के लिए सेना और रेलवे की भी मदद ली जाएगी।
जिला कलक्टर ने कहा कि जिले को मौसमी बीमारियों से मुक्त रखने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करते हुए दायित्वों को प्रभावी रूप से क्रियान्वित करें। उन्होंने कहा कि मौसमी बीमारियों के लिए सहायक कारणों की पहचान कर अभी से पूरी तैयारी के साथ समयबद्ध रूप से उनका निराकरण करना पड़ेगा। बरसात से पूर्व सभी नालों की सफ ाई एवं पानी भराव वाले स्थानों पर क्रूड ऑयल एवं गम्बूशिया मछली डलवानी होगी। वार्डवार कार्यक्रम बनाकर घरों में लगे हुए कूलरों, टंकियों की सफ ाई एवं प्रति सप्ताह सूखा दिवस मनाने के लिए आम लोगों को प्रेरित करें।
वार्डवार फोगिंग होगी
कलक्टर ने निगम एवं चिकित्सा विभाग को संयुक्त रूप से वार्डवार फ ोगिंग का कार्यक्रम बनाकर टीम गठित करने, नगर विकास न्यास एवं नगर निगम को शहर के खाली आवासीय भूखण्डों का सर्वे कर संबंधित व्यक्ति को पानी भराव रोकने के लिए पाबंद कर नियमों का पालना नहीं करने वालों के खिलाफ कार्यवाही करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि उपखण्ड स्तर पर भी सभी गतिविधियां निरंतर जारी रखी जाएं। विद्यालयों में मौसमी बीमारियों से रोकथाम एवं बचाव के संबंध में साहित्य का वितरण करने, विद्यार्थियों को जागरूक करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि पशुपालन विभाग, महिला बाल विकास विभाग, जलदाय एवं आयुर्वेद विभाग भी मौसमी बीमारियों की रोकथाम में दिए गए दायित्वों का समय पर निर्वहन करें।
रोगियों की सूचना नियमित भेजें
जिला कलक्टर ने रेलवे कॉलोनी के आस-पास पानी भराव वाले स्थानों पर गम्बूशिया मछली डलवाने, हॉस्टलों एवं संस्थाओं में लगे हुए कूलरों की प्रति सप्ताह सफाई करवाने, निजी चिकित्सा संस्थानों में आने वाले रोगियों की सूचना चिकित्सा विभाग को नियमित भिजवाने के निर्देश दिए। सीएमएचओ डॉ. भूपेन्द्रसिंह तंवर ने सभी विभागों को मौसमी बीमारियों के लिए जिला एवं खण्ड स्तर पर नोडल अधिकारी नियुक्त करने, बीमारियों से बचाव, उपचार एवं रोकथाम के संबंध में जागरूकता कार्यक्रम में भागीदार बनने की बात कही। बैठक में नगर निगम आयुक्त नरेन्द्र गुप्ता, जिला परिषद एसीईओ प्रतिभा देवठिया, नगर विकास न्यास के उप सचिव अम्बालाल मीणा, मेडिकल कॉलेज उप प्राचार्य डॉ. विजय सरदाना, शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग, आयुर्वेद विभाग, रोडवेज, सैनिक चिकित्सालय, रेलवे चिकित्सालय एवं नर्सिंग कॉलेज, स्कूल आदि विभागों के अधिकारी एवं प्रतिनिधि भी मौजूद थे।
कोर कमेटी का गठन
जिला कलक्टर ने मौसमी बीमारियों की रोकथाम के लिए कार्य योजना के प्रभावी क्रियान्यन के लिए कोर कमेटी का गठन किया। कमेटी में चिकित्सा, शिक्षा, पशुपालन, पंचायतीराज, स्वायत्त शासन, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, चिकित्सा शिक्षा विभाग, नर्सिंग काउंसिल, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति, आयुर्वेद विभाग, ईएमआई, राजस्थान रोडवेज एवं रेलवे व सेना विभाग शामिल है।
Published on:
09 May 2019 07:22 pm
