कोटा यूआईटी ने मास्टर प्लान 2031 का विस्तृत ड्राफ्ट जारी कर दिया। इस बार आवासीय योजनाओं को जोनवार बांटा गया है। हर जोन की आबादी 20 हजार होगी।
नगर नियोजन विभाग द्वारा अधिसूचित करने के बाद कोटा नगर विकास न्यास (UIT) ने 'मास्टर प्लान 2031' का विस्तृत प्रारूप ऑनलाइन जारी कर दिया है। इसमें 21 लाख लोगों को बसाने के लिए 15 हजार 716 एकड़ अतिरिक्त आवासीय क्षेत्र प्रस्तावित किया गया है। मास्टर प्लान 2023 के नगरीयकरण क्षेत्र को छोड़कर मास्टर प्लान 2031 में 49 हजार 52 एकड़ अतिरिक्त नगरीयकरण योग्य भूमि प्रस्तावित किया गया है।
हाईकोर्ट की रिट का भी दिया हवाला
नए मास्टर प्लान की प्रस्तावना में उच्च न्यायालय जोधपुर में डीबी सिविल रिट याचिका 'गुलाब कोठारी बनाम राज्य सरकार व अन्य' में पारित निर्णय का हवाला दिया गया है। इसके अनुसार कोटा मास्टर प्लान 2023 में नगरीयकरण योग्य क्षेत्र को यथावत रखा गया है। मास्टर प्लान 2031 में विकास के लिए जोन बनाए जाएंगे, इनकी आबादी 15 से 20 हजार होगी। शहर में मास्टर प्लान 2023 और मास्टर प्लान 2031 दोनों ही प्रभावी होंगे।
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जोन सिस्टम इस तरह बंटेगा शहर
नए मास्टर प्लान में शहर को कई जोन में बांटा जाएगा। नगर विकास न्यास जोनल प्लान तैयार करेगा। 3 हजार से 5 हजार तक जनसंख्या की एक आवासीय योजना इकाई होगी। वहीं 3 से 4 चार एेसी योजनाओं को मिलकर 15 से 20 हजार लोगों की योजनाओं के 'जोन आवासीय क्षेत्र' बनेंगे। एेसे क्षेत्र में उच्च माध्यमिक विद्यालय, शॉपिंग सेन्टर, सार्वजनिक उद्यान और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। एक से अधिक 'जोन योजनाओं' को मिलाकर एक 'योजना जिला केन्द्र' होगा, इसकी जनसंख्या 75 हजार से डेढ़ लाख तक होगी।
चिकित्सा सेवाओं के लिए ज्यादा जमीन
बढऩे वाली आबादी के लिए इसमें 160 एकड़ भूमि भविष्य की चिकित्सा सेवाओं के लिए प्रस्तावित की गई है। शंभूपुरा में 8 एकड़, बारां सड़क दक्षिण योजना क्षेत्र में 102 एकड़, बारां सड़क उत्तरी योजना क्षेत्र में 40 एकड़ और रानपुर क्षेत्र में 10 एकड़ भूमि चिकित्सा सुविधाओं के लिए आरक्षित रखी गई है। रानपुर और शंभूपुरा ग्रोथ सेन्टर के लिए अलग से पेयजल योजनाएं प्रस्तावित की गई हैं।
ये भी हैं प्रस्ताव
चंद्रेसल ग्राम के पास 34 एकड़ भूमि में फल सब्जी मंडी विकसित की जाएगी। बूंदी रोड पर रामनगर में और झालावाड़ रोड पर रानपुर में और शंभूपुरा क्षेत्र में भवन निर्माण सामग्री का व्यापार होगा। कोटड़ी तालाब, सूर सागर तालाब, उम्मेद तलाब, अनंतपुरा तलाब, लखावा तलाब, रानपुर और अभेड़ा तलाब का सौंदर्यीकरण किया जाएगा।