5 सितंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

शिवत्व को प्राप्त करना है तो कर लो ये उपाय…यह पुस्तक बदल देगी जिंदगी

आईआईटी की कोचिंग कानपुर में पढ़ाने वाले ऑथर आशुतोष सिंह ने विज्ञान को आध्यात्म से पूर्ण रूपेण जोडऩे वाली पुस्तक शिव से शिवत्व तक का विमोचन
2 min read
Google source verification

कोटा

image

Suraksha Rajora

Dec 09, 2018

Released from book Shiva to Shivtavati Othar Ashutosh IIT Kanpur,

शिवत्व को प्राप्त करना है तो कर लो ये उपाय...यह पुस्तक बदल देगी जिंदगी

कोटा. आईआईटी की कोचिंग कानपुर में पढ़ाने वाले ऑथर आशुतोष सिंह ने विज्ञान को आध्यात्म से पूर्ण रूपेण जोडऩे वाली पुस्तक शिव से शिवत्व तक का विमोचन सिटी मॉल में रविवार की शाम को साहित्य प्रेमियों और कोटा के युवाओं के बीच हुआ। चैंप रीडर्स एसोसिएशन प्रमुख सागर आजाद ने बताया कि कार्यक्रम में द मिसिस ब्यूटी ऑफ राजस्थान सीजन-2, 2018 की रनर उप रंगोली सिंह सरकार, जेसीआई सुरभि क्लब की प्रेसिडेंट मीनल वसल, समाजसेविका सीमा घोष, डॉ. दीपक कुमार श्रीवास्तव कइ्र प्रतिनिधि मौजूद रहे।


इस अवसर पर लेखक आशुतोष सिंह ने उनकी किताब शिव से शिवत्व तक के बारे में पाठकों बताते हुए कहा की यह पुस्तक विज्ञान को आध्यात्म से पूर्णरूपेण जोडऩे वाली पुस्तक इस कारण भी है क्योंकि इसका ज्ञान मात्र शिव को ही है, मुझे इस पुस्तक का ज्ञान और साथ लेखन मेरे महान गुरु से प्राप्त हुआ द्य और मेरे महान गुरु को यह ज्ञान शिव से प्राप्त हुआ।

अनेकानेक कल्पों में शिव जी ने अनेकानेक चरित्रों को मानव प्रेरणा के लिए अभिनीत किया है द्य उनमे से बहुत छोटा सा अंश ही मेरी छुद्र बुद्धि संग्रहित कर सकीए जिसको मेने कलयबद्ध करने की चेष्टा की है द्य मेने इस पुस्तक में प्रभु शिव के किसी एक कल्प के प्रारम्भिक जीवन का वर्णन करने का प्रयास किया है द्य यह पुस्तक जिसमे शिव अपने को योगमय किये हुए हैं द्य उनके पास आलौकिक शक्तियां नहीं हैं द्य उनके मस्तक पर चन्द्रमा नहीं हैद्य माँ गंगा का अवतरण तक नहीं हुआ है

पुस्तक ष्शिव से शिवत्व तक प्रथम खंड ष्योगमहल के शिव जिसमे पृथ्वी से परे एक लोक से संपूर्ण ब्रम्हांड पर वर्चस्व स्थापित करने हेतु मलेच्छों ने पृथ्वी पर घातक आक्रमण किया था द्य इस आक्रमण को प्रभु शिव ने कुंद कर दिया परन्तु वे स्वत: घायल हो गये द्य अगले खंड में प्रभु शिव नीलकंठ बन जायेंगे


लेखक आशुतोष सिंह ने कहा की यह पुस्तक का प्रथम भाग है और आगे सात भाग और आने बाकी है द्य हिंदी के साथ साथ अंग्रेजी और अन्य भाषाओं में भी इस पुस्तक के भाग आएंगे पाठकों द्वारा इस पुस्तक की बहुत सराहना की जा रही है

लेखक आशुतोष सिंह ने कहा की मुझे कोटा आकर यहाँ के युवाओं के साथ बात करके बहुत ही अच्छा लगाए कोटा के युवाओं में अपने सपनो को पूरा करने का जोश है ए यही हमारे आने वाले देश का भविष्य हैं में दिल से कोटा के सभी स्टूडेंट्स को दुआ देता हूँ की वो उनकी जि़न्दगी में बहुत आगे बढे अपने सपनो को अपने पेरेंट्स के सपनों को पूरा करे और देश का नाम रोशन करे

इसी दौरान लेखक ने पुस्तक विमोचन में मौजूद सभी पाठको के सवालों का बखूबी जवाब दिया और यह सन्देश दिया की जि़न्दगी में मेहनत करो आगे बढ़ो और सफल बनो सफल बनने के लिए जि़न्दगी में सही रास्ते और सही निर्णय की जरूरत होती है और उसके लिए आपको हमेशा आपके दिल की सुननी चाहिएद्य तो दिल की सुनो और आगे बढ़ो द्य