2 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पिता की तीसरी शादी से भड़का बेटे का गुस्सा, क्रूर हत्या के बाद सौतेली मां पर भी हमला

कुशीनगर से एक दर्दनाक खबर सामने आई है। यहां एक बेटे ने अपने ही पिता की हत्या कर दी। हत्या की वजह सौतेली मां को बताया जा रहा। बताया जा रहा है कि बीच-बचाव करने आई सौतेली मां पर भी बेटे ने चाकुओं से हमला किया।

2 min read
Google source verification

कुशीनगर : उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के कसया थाना क्षेत्र के चिरगोड़ाधूसी गांव में रविवार की देर रात एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। एक बेटे ने अपनी क्रूरता की सारी हदें पार करते हुए पिता पर लोहे की रॉड और चाकू से बेरहमी से हमला किया और फिर छत से नीचे फेंक दिया। मौके पर ही 55 वर्षीय ईश्वर यादव की मौत हो गई। घटना का कारण बताया जा रहा है पिता की तीसरी शादी, जिसे लेकर बेटा सत्येंद्र वर्षों से नाराज चल रहा था। बीच-बचाव में आई सौतेली मां अंजली भी गंभीर रूप से घायल हो गई। पुलिस ने सोमवार को आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर लिया और हत्या में इस्तेमाल हथियार बरामद कर लिए।

ईश्वर यादव, जो एक बिल्डिंग मैटीरियल की दुकान पर ट्रैक्टर चलाकर परिवार का पालन-पोषण करते थे, रविवार रात गांव लौटे। ग्रामीणों के अनुसार, पिता-पुत्र दोनों शराब के आदी थे और अक्सर साथ बैठकर नशा करते थे। रात में नशे की हालत में घर पहुंचने के बाद भोजन के दौरान तीसरी शादी को लेकर पुरानी कसक फिर भड़क उठी। गुस्से से बेकाबू सत्येंद्र ने पहले पिता पर लोहे की रॉड से कई वार किए। लहूलुहान ईश्वर जान बचाने के लिए छत पर भागे, लेकिन बेटे ने उन्हें पकड़ लिया। फिर चाकू से शरीर पर कई जगह वार किए और अंत में छत से नीचे धकेल दिया। ईश्वर की मौके पर ही मौत हो गई।

बीच-बचाव के लिए दौड़ी सौतेली मां अंजली पर भी सत्येंद्र ने चाकू से हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं। सूचना मिलते ही कसया पुलिस मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया और घायल अंजली को सीएचसी कसया में भर्ती कराया गया।

बेटों के विरोध के कारण चली गई थी दूसरी पत्नी

ईश्वर यादव की जिंदगी संघर्षों से भरी रही। चिरगोड़ाधूसी में रहने वाले ईश्वर ने पहली पत्नी से दो बेटे विवेक और सत्येंद्र को जन्म दिया। आठ साल पहले पहली पत्नी का निधन हो गया। इसके चार साल बाद उन्होंने दूसरी शादी की, लेकिन बेटों के विरोध के कारण वह महज एक महीने में घर छोड़कर चली गईं। विवेक की शादी के बाद वह पत्नी के साथ बाहर चले गए। छोटा बेटा सत्येंद्र पुणे में मजदूरी करता था और पांच दिन पहले ही घर लौटा था।

इधर, एक साल पहले ईश्वर ने तीसरी शादी अंजली से कर ली, जिसका बेटों ने कड़ा विरोध किया। बावजूद इसके ईश्वर ने शादी कर ली, जिससे परिवार में अनबन बढ़ गई। सत्येंद्र और विवेक दोनों पिता से नफरत करने लगे। ईश्वर ने कड़ी मेहनत से गांव के बाहर चकरोड पर 15 साल पहले चार कमरों का मकान बनवाया था और दोनों बेटों को पढ़ा-लिखाकर कमाऊ बनाया था। लेकिन तीसरी शादी ने सब कुछ उलट-पुलट कर दिया।

पुलिस कार्रवाई: आरोपी गिरफ्तार, हथियार बरामद

कसया थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आरोपी सत्येंद्र को दूसरे टोले से गिरफ्तार किया गया। एएसपी निवेश कटियार ने बताया, 'पिता हत्या के आरोपी बेटे के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। सत्येंद्र की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू और लोहे की रॉड बरामद कर ली गई है। जांच जारी है।'

ग्रामीणों में घटना से सनसनी फैल गई है। एक बुजुर्ग निवासी ने कहा, 'ईश्वर मेहनती इंसान थे। बेटे ने जो किया, वह सोच से परे है। शराब और पारिवारिक विवाद ने सब बर्बाद कर दिया।' पुलिस का कहना है कि मामले की गहन जांच की जा रही है और आगे की कार्रवाई की जाएगी।