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Saudi Arabia PIF करेगी Jio Fibre में करीब 7500 करोड़ रुपए का निवेश

Saudi Arabia Sovereign Wealth Fund अपने 300 अरब डॉलर के पोर्टफोलियो में करने जा रहा है बदलाव Abu Dhabi Investment Authority जियो के फाइबर बिजनेस में दोबारा निवेश को लेकर कर रहा है तैयारी

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नई दिल्ली। जियो में निवेश की सीमा अभी खत्म नहीं हुई है। कुछ कंपनियां जियो में निवेश कर रही है वो दोबारा से इसमें निवेश निवेश करने का मन बना रही हैं। खासकर सऊदी अरब ( Saudi Arabia ) की कंपनियों की ओर से ज्यादा रुझान देखने को मिली है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार जियो फाइबर ( Jio Fibre ) में सऊदी अरबिया पब्लिक इन्वेस्टमेंट फंड ( Saudi Arabia Public Investment Fund ) एक अरब डॉलर यानी करीब 7500 करोड़ रुपए निवेश करने की तैयारी कर रही है। वहीं दूसरी ओर आबूधाबी इंवेस्टमेंट अथॉरिटी ( Abu Dhabi Investment Authority ) की ओर से भी फाइबर बिजनेस में अपनी शेयरिंग को बढ़ाने को लेकर बात कर रही है। आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर की क्या योजना है।

एसडब्ल्यूएफ कर रहा है अपने पोर्टफोलियो में बदलाव
वास्तव में सऊदी अरब का सॉवरेन वेल्थ फंड अपने 300 अरब डॉलर के पोर्टफोलियो में बदलाव करने की तैयारी में है। जानकारों की मानें तो यह फंड करीब 300 अरब डॉलर का है, जो सिलिकॉन वैली की बड़ी कंपनियों, एविएशन सेक्टर और ऑयल कंपनियों में लगा है। जिसे कम करने का प्रयास किया जा रहा है। जानकारों के अनुसार एसडब्ल्यूएफ अपने आपको वक्त हिसाब से बदलाव करने की तैयारी में है। उसे फाइबर बिजनेस में स्कोप ज्यादा दिख रहा है, इसलिए वो वहां पर निवेश करने की योजना बना रहा है। जानकारी के अनुसार अबूधाबी इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी जियो के फाइबर कारोबार में एक बार फिर से निवेश करने की योजना बना रही है। जिसके बाद पीआईएफ की दिलचस्पी बढ़ी है।

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पहले भी दोनों कंपनियां कर चुकी हैं निवेश
एडिया और पीआईएफ दोनों पहले भी जियो प्लेटफॉर्म में इंवेस्टमेंट कर चुकी हैं। दोनों कंपनियों ने मिलकर जियो में 2.2 अरब डॉलर का निवेश किया है। उस दौरान जियो ने अपने शेयर होल्डिंग 13 निवेशकों को बेची थी और कुल 20.8 अरब डॉलर जुटाए थे। मौजूदा समय में फाइबर कारोबार में निवेश को लेकर रिलायंस से लेकर पीआईएफ की ओर से कोई बयान नहीं आया है।

पेट्रो कारोबार पर भी चल रही है बातचीत
वहीं दूसरी ओर पेट्रो कारोबार पर भी बातचीत चल रही है। सऊदी अरामको और रिलायंस के बीच रिफाइनिंग और पेट्रोकेमिकल बिजनस को लेकर बातचीत जारी है। मतलब साफ है कि जियो से लेकर फाइबर और पेट्रो कारोबार तक में निवेश के माध्यम से मुकेश अंबानी और सऊदी के क्रॉउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान स्ट्रैटिजीक पार्टनरशिप की ओर आगे बढ़ रहे हैं।