
Akhilesh Yadav Sarkari Awas
लखनऊ. पूर्व में सरकारी आवास में रहने वलाे सपा राष्ट्रीय अखिलेश यादव पर आरोप लग रहे हैं जिससे वो बेहद नखुश हैं। दरअसल जिस सरकारी आवास में वे रह रहे थे, राज्य सम्पत्ति विभाग ने उसके अंदर की तस्वीरें वायरल की हैं, जिसको देखने से मालूम हो रहा है कि उसमें काफी तोड़फोड़ की गई है। राज्य सम्पत्ति विभाग का आरोप है कि अखिलेश यादव ने 4 विक्रमादित्य मार्ग पर स्थित बंगला खाली करने से पहले अंदर की तस्वीर ही बदल दी। राज्य सम्पत्ति विभाग के अधिकारी जब वहां पहुंते तो उनके होश उड़ गए। उन्होंने मीडिया को अदंर का हाल भी दिखाया व उसके बाद वहां पर ताला लगा दिया। बाहर गेट से लेकर अंदर तक पूरा बंगला जर्जर हालत में टूटा-फूटा नजर आ रहा था। फ्लोर टाइल्स, मार्बल समेत छत और दरवाजों पर भी मानों किसी ने हथौड़ा चलाया हो। इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड भी उखड़े हुए पाए गए।
इस मामले पर सियासित होती देख अखिलेश यादव ने तुरंत सोशल मीडिया पर इसका जवाब दिया। साथ ही सार्वजनिक रूप से भी उन्होंने सरकारी बंगले के नाम पर भाजपा द्वारा उन्हें बदनाम करने का आरोप लगाया।आपको बता दें कि अखिलेश ने सरकारी बंगला तो 3 जून को खाली कर दिया था, लेकिन राज्य संपत्ति विभाग को उसकी चाबी आज यानी 9 जून को उन्होंने सौंपी।
अखिलेश ने किया पलटवार-
सोशल मीडिया ट्विटर पर उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि विपक्षी मकान को ‘वाइट हाउस’ कह रहे हैं, तो क्या वो सब ख़ुद ‘ब्लैक हाउस’ में रहते हैं। यहीं नहीं वे आज सपरिवार वृंदावन में बांकेबिहारी के दर्शन करने पहुंचे थे। दर्शन करने के बाद उन्होंने कहा कि भाजपा उन्हें बदनाम कर रही है। उन्होंने सरकार से लिस्ट मांगी व कहा कि जो भी नुकसान हुआ है, वह उसकी भरपाई करने के लिए तैयार हैं। उन्होंने सफाई में आगे कहा कि बंगले में बड़ना, कदम और हिम चम्पा आदि पेड़ लगाए थे जो छूट गए हैं। सरकार उन्हें भी लौटाए।
सरकार की नीयत ठीक नहीं-
सपा अध्यक्ष ने आगे कहा कि वह प्रेदश सरकार की नीयत से अच्छी तरह वाकिफ हैं। उन्होंने पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि राज्य संपत्ति विभाग के अधिकारियों को उनका कमरा व उनके बच्चों का कमरा साथ ही मंदिर भी दिखाना चाहिए। वहीं जरूरत पड़े तो जरा शौचालय भी दिखा दें।
Updated on:
09 Jun 2018 10:00 pm
Published on:
09 Jun 2018 09:55 pm
बड़ी खबरें
View Allलखनऊ
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
