
अखिलेश यादव (फाइल फोटो)
Akhilesh Yadav JPNIC Shan E Awadh Allegation:समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि सरकार ने जयप्रकाश नारायण अंतरराष्ट्रीय केंद्र (जेपीएनआईसी), शान-ए-अवध और जनेश्वर मिश्र पार्क की पार्किंग तक बेच दी है। अखिलेश ने कहा कि अगर भाजपा के लोगों का बस चले तो वे भाजपा को भी बेच दें। उन्होंने चेतावनी दी कि जिन लोगों ने जेपी सेंटर को बेचने का काम किया है, सपा सरकार बनने पर उनकी जांच कराई जाएगी।
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि दिल्ली वाले बड़ी संपत्तियां बेच रहे हैं, जबकि उत्तर प्रदेश वाले छोटी संपत्तियां बेच रहे हैं। उन्होंने बताया कि जेपी सेंटर का निर्माण 20 एकड़ से अधिक जमीन पर बड़े समाजवादी नेताओं के सुझाव पर कराया गया था। भाजपा पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि स्थापना दिवस पर दिखावे के लिए जयप्रकाश नारायण की तस्वीर लगाई गई और सबसे अधिक चंदा उसने दिया जो पाकिस्तान की बात करते थे। लोकनायक को बेचकर भाजपा खलनायक का काम कर रही है।
रक्षाबंधन का उल्लेख करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार महिलाओं और बेटियों से राखी बंधवाती है, लेकिन समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर महिलाओं और बेटियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि वह सरकारी संपत्तियों को बेचकर जनता के हितों की अनदेखी कर रही है।
भाजपा ने अखिलेश यादव के आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा कि सपा जनता को गुमराह करने के लिए झूठ बोल रही है। भाजपा प्रवक्ता राकेश त्रिपाठी ने स्पष्ट किया कि जेपीएनआईसी को बेचा नहीं गया है, बल्कि उसके रखरखाव और संचालन के लिए निर्धारित शर्तों पर लीज पर दिया गया है। संपत्ति का स्वामित्व लखनऊ विकास प्राधिकरण के पास ही रहेगा।
राकेश त्रिपाठी ने कहा कि जेपीएनआईसी सपा सरकार के भ्रष्टाचार और वित्तीय कुप्रबंधन का जीता-जागता उदाहरण है। जनता की गाढ़ी कमाई का दुरुपयोग करते हुए परियोजना की लागत लगातार बढ़ाई गई और इसके बावजूद काम लंबे समय तक अधूरा रहा। अब सरकार ने इसे बेहतर तरीके से संचालित और विकसित करने का रास्ता निकाला है। निजी समूह संचालन और रखरखाव की जिम्मेदारी संभालेगा, जबकि संपत्ति सरकार के नियंत्रण में ही रहेगी। अखिलेश यादव को पहले यह बताना चाहिए कि उनकी सरकार के दौरान जेपीएनआईसी की लागत और निर्माण की स्थिति क्या थी। दोनों दलों के बीच यह विवाद राजनीतिक तापमान बढ़ा रहा है।
Updated on:
27 Aug 2026 07:06 pm
Published on:
27 Aug 2026 07:06 pm
