23 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

यूपी में डिफेंस कॉरिडोर में 20 हजार करोड़ का होगा निवेश, खुलेंगे रोजगार के द्वार

-पांच साल के भीतर ढाई लाख लोगों को मिलेगा रोजगार-यूपी में पहली बार होगा एशिया का पहला डिफेंस एक्सपो

2 min read
Google source verification
defence corridor

यूपी में डिफेंस कॉरिडोर में 20 हजार करोड़ का होगा निवेश, खुलेंगे रोजगार के द्वार

लखनऊ. उत्तर प्रदेश की योगी सरकार प्रदेश के लोगों खासकर युवा वर्ग के लिए नौकरियों की सौगात लेकर आ रही है। अलीगढ़ से लखनऊ के बीच नया डिफेंस कॉरिडोर बनाए जाने की योजना है। प्रदेश में कारोबारी गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए योगी सरकार ने डिफेंस कॉरिडोर (Defence Corridor) को मंजूरी दी है। इसके तहत बुंदेलखंड, मध्य यूपी व पश्चिम यूपी तक रक्षा उत्पादों से जुड़ी कई यूनिट लगेंगी। डिफेंस कॉरिडोर में देश-विदेश की कंपनियां 20 हजार करोड़ का निवेश करेंगी। डिफेंस कॉरिडोर का सबसे बड़ा फायदा चित्रकूट, झांसी, अलीगढ़, लखनऊ और कानपुर के लोगों को होगा। सरकार का अनुमान है कि इससे कम से कम ढाई लाख लोगों के लिए प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार की राहें खुलेंगी।

रक्षा उत्पादन कंपनियों ने दिखाई रुचि

यूपी को रक्षा उत्पादों का हब बनाने की तैयारी है। डिफेंस कॉरिडोर में रक्षा उत्पादन से जुड़ी दर्जन भर कंपनियों ने निवेश करने की रुचि दिखाई है। इनमें गाजियाबाद की भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, पुणे की विटाल एविएशन और टेलीमैक्स हाईटेक, दिल्ली की ओशो कर्प ग्लोबल, बंगलुरू की श्री प्रॉप एयरोस्पेस और आयोटेक वर्ल्ड एविएशन, आगरा की पीएनसी इंफ्राटेक और कानपुर की हंस एनर्जी, अंकुर एक्जिम व नरेंद्र एक्सप्लोजिव्स हैं। पूरे इंडस्ट्रियल कॉरिडोर में 20 हजार करोड़ का निवेश होना है।

ये भी पढ़ें:UP में रक्षा उत्पादों के लिए 3700 करोड़ रु. के निवेश की घोषणा

यूपी में बनेंगे 6 हब

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने पिछले वर्ष फरवरी में इन्वेस्टर्स समिट (Investors Summit) के दौरान इसकी घोषणा की थी। डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के तहत यूपी में छह हब बनेंगे। ये हब आगरा, अलीगढ़, लखनऊ, झांसी व कानपुर में बनाए जाएंगे। इन सभी क्षेत्रों के लिए कुशल व प्रशिक्षित मैनपॉवर (जनशक्ति) की जरूरत है। इन्हें ट्रेनिंग देने के लिए व्यवसायिक शिक्षा विभाग द्वारा एक पाठ्यक्रम तैयार किया जा रहा है। इसके लिए प्रशिक्षण संस्थानों का चयन होगा।

झांसी में बनेगा डिफंस नॉलेज सेंटर

झांसी में मैन्यूफैक्चरिंग मेंटेनेंस एंड ओवरहाल आफ आर्म्ड एंड मिलिट्री व्हीकल्स,डिफेंस नालेज सेंटर तथा एमएसएमई पार्क बनेगा। चित्रकूट मे इसी मेटिनेंस रिपेयर ओवरहाल की सुविधाएं दी जाएंगी। यूएवी और रक्षा उद्योग के लिए टेक्नीकल टेक्सटाइल की यूनिट लगेंगी। वहीं अलीगढ़ में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, डिफेंस इनोवेशन हब, डिफेंस एडमिनिस्ट्रेशन हब और एमएसएमई पार्क की स्थापना होगी।

ये भी पढ़ें:डिफेन्स प्रोडक्शन में अव्वल होगा यूपी, लघु और मध्यम उद्यमी भी प्रोडक्शन में बनेंगे साझेदार

लखनऊ में डिफेंस एक्सपो

राजधानी लखनऊ में 5 से 8 फरवरी के बीच 11वां डिफेंस एक्सपो इंडिया-2020 आयोजित होगा। यह पहला मौका होगा जब लखनऊ 'द डिफेंस एक्सपो' की मेजबानी करेगा। डिफेंस एक्सपो की थीम 'भारत: उभरता हुआ रक्षा विनिर्माण केंद्र' होगी।

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने ट्ववीट कर कहा कि डिफेंस एक्सपो में दुनियाभर के रक्षा उद्योगों, प्रदर्शनी लगाने वालों और मंत्री स्तरीय प्रतिनिधिमंडलों का स्वागत है। सभी लोगों का तेजी से बड़े उत्‍पादन केंद्र के रूप में उभर रहे भारत में न केवल सैनिकों बल्कि दुनिया में निर्यात के लिए रक्षा उत्‍पादों के सह निर्माण और सह उत्‍पादन के लिए स्‍वागत करते हैं।