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CM युवा योजना से बदली किस्मत: लखनऊ की तूबा ने शुरू किया ‘सॉइल कॉन्सेप्ट’ ब्रांड

Biotechnologist to Entrepreneur: लखनऊ की बायोटेक्नोलॉजिस्ट तूबा ने ‘मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान’ से मिले ऋण की मदद से ‘सॉइल कॉन्सेप्ट’ ब्रांड शुरू कर प्राकृतिक सौंदर्य उत्पाद बनाते हुए कई युवाओं को रोजगार दिया।

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लखनऊ

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Ritesh Singh

Mar 07, 2026

मुख्यमंत्री युवा योजना से मिली उड़ान, लखनऊ की तूबा ने बनाया ‘सॉइल कॉन्सेप्ट’ ब्रांड (फोटो सोर्स : cm Whatsapp Group)

मुख्यमंत्री युवा योजना से मिली उड़ान, लखनऊ की तूबा ने बनाया ‘सॉइल कॉन्सेप्ट’ ब्रांड (फोटो सोर्स : cm Whatsapp Group)

CM Yuva Yojana: उत्तर प्रदेश में युवाओं को स्वरोजगार से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में चल रही सरकारी योजनाएं अब जमीनी स्तर पर सकारात्मक परिणाम दे रही हैं। राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी पहल मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान युवाओं के लिए नई संभावनाओं के द्वार खोल रही है। इस योजना के माध्यम से युवाओं को बिना बैंक गारंटी और ब्याज मुक्त ऋण की सुविधा प्रदान की जा रही है, जिससे वे अपना स्वयं का व्यवसाय शुरू कर सकते हैं।


प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath के नेतृत्व में चल रही इस योजना का उद्देश्य युवाओं को रोजगार मांगने वाला नहीं, बल्कि रोजगार देने वाला बनाना है। इसी योजना का लाभ उठाकर Lucknow की रहने वाली बायोटेक्नोलॉजिस्ट तूबा ने ‘सॉइल कॉन्सेप्ट’ नाम से प्राकृतिक सौंदर्य उत्पादों का ब्रांड स्थापित किया है। आज उनका यह स्टार्टअप न केवल तेजी से आगे बढ़ रहा है, बल्कि कई लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत भी बन चुका है।

पर्यावरण के अनुकूल उत्पादों से बनाई अलग पहचान

तूबा ने अपने व्यवसाय की शुरुआत एक स्पष्ट उद्देश्य के साथ की ऐसे प्राकृतिक और रसायन मुक्त सौंदर्य उत्पाद तैयार करना जो पर्यावरण के अनुकूल हों और लोगों के स्वास्थ्य के लिए सुरक्षित भी हों। उन्होंने ‘सॉइल कॉन्सेप्ट’ ब्रांड के माध्यम से ऐसे उत्पाद तैयार किए जो प्राकृतिक तत्वों से बने होते हैं और जिनमें हानिकारक रसायनों का उपयोग नहीं किया जाता।

आज उनके ब्रांड के अंतर्गत कई प्रकार के पर्सनल केयर उत्पाद तैयार किए जा रहे हैं। इनमें हर्बल शैम्पू, कंडीशनर, हेयर सीरम, हर्बल हेयर ऑयल, बॉडी वॉश, बॉडी लोशन और हाथ से बने साबुन जैसे उत्पाद शामिल हैं। इन उत्पादों की विशेषता यह है कि इनमें प्राकृतिक तत्वों का उपयोग किया जाता है, जिससे ये त्वचा और बालों के लिए सुरक्षित होते हैं। तूबा का कहना है कि आजकल लोग प्राकृतिक और ऑर्गेनिक उत्पादों की ओर तेजी से आकर्षित हो रहे हैं। इसी जरूरत को ध्यान में रखते हुए उन्होंने अपने ब्रांड की शुरुआत की।

शुरुआती दौर में आईं कई चुनौतियां

हर उद्यमी की तरह तूबा के लिए भी व्यवसाय की शुरुआत आसान नहीं थी। उन्होंने बताया कि शुरुआती दिनों में उन्हें कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ा। सबसे बड़ी चुनौती थी,कच्चे माल की व्यवस्था करना और मशीनरी खरीदने के लिए पूंजी जुटाना। उन्होंने अपने स्तर पर प्रयास किए, लेकिन सीमित संसाधनों के कारण व्यवसाय को बड़े स्तर पर शुरू करना मुश्किल हो रहा था। इसी दौरान उन्हें एक संस्था के माध्यम से मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के बारे में जानकारी मिली। इस योजना की विशेषता यह थी कि इसमें युवाओं को बिना बैंक गारंटी और ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराया जाता है। तूबा ने तुरंत इस योजना के तहत आवेदन करने का निर्णय लिया।

15 दिनों में मिला 5 लाख रुपये का ऋण

तूबा ने योजना के तहत आवेदन किया और उनकी परियोजना को स्वीकृति मिल गई। आश्चर्यजनक रूप से उन्हें मात्र 15 दिनों के भीतर 5 लाख रुपये का ऋण प्राप्त हो गया। यह ऋण पूरी तरह से ब्याज मुक्त था और इसके लिए किसी बैंक गारंटी की आवश्यकता भी नहीं थी। इस आर्थिक सहायता ने तूबा के सपनों को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने इस राशि से आवश्यक मशीनरी खरीदी, कच्चे माल की व्यवस्था की और अपने उत्पादन कार्य को शुरू किया। तूबा बताती हैं कि अगर यह योजना न होती, तो उनके लिए अपने व्यवसाय को शुरू करना बेहद कठिन हो जाता।

‘सॉइल कॉन्सेप्ट’ ब्रांड की बढ़ती लोकप्रियता

समय के साथ तूबा का ‘सॉइल कॉन्सेप्ट’ ब्रांड तेजी से लोकप्रिय होने लगा। लोगों को उनके उत्पादों की गुणवत्ता और प्राकृतिक तत्वों का उपयोग पसंद आने लगा। आज उनके उत्पाद देशभर के 50 से अधिक आउटलेट्स में उपलब्ध हैं। इसके अलावा ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म के माध्यम से भी उनकी बिक्री हो रही है। ऑनलाइन माध्यम से उनके उत्पाद देश के विभिन्न राज्यों में पहुंच रहे हैं। इससे उनके व्यवसाय का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है।

कई युवाओं को दिया रोजगार

तूबा की सफलता केवल उनके व्यवसाय की सफलता नहीं है, बल्कि यह कई अन्य लोगों के लिए भी रोजगार का अवसर बन गई है। उन्होंने बताया कि शुरुआत में उन्होंने अकेले काम शुरू किया था, लेकिन धीरे-धीरे व्यवसाय के विस्तार के साथ उन्हें कर्मचारियों की आवश्यकता महसूस हुई। आज उनके साथ कुल सात लोग काम कर रहे हैं, जिनमें चार महिलाएं भी शामिल हैं। इस प्रकार तूबा ने न केवल अपने लिए रोजगार का अवसर बनाया, बल्कि अन्य लोगों को भी रोजगार उपलब्ध कराया।

महिला उद्यमिता को मिल रहा बढ़ावा

तूबा की सफलता यह भी दर्शाती है कि आज महिलाएं भी उद्यमिता के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रही हैं। सरकार की योजनाओं और प्रोत्साहन के कारण महिलाएं अब अपने व्यवसाय शुरू करने के लिए आगे आ रही हैं। विशेष रूप से स्वरोजगार योजनाएं महिलाओं के लिए आर्थिक स्वतंत्रता का मार्ग खोल रही हैं। इससे वे अपने परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के साथ-साथ समाज में भी एक नई पहचान बना रही हैं।

युवाओं के लिए नई संभावनाएं

मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत 21 से 40 वर्ष आयु वर्ग के युवाओं को स्वरोजगार के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। इस योजना के अंतर्गत पहले चरण में युवाओं को सूक्ष्म उद्योग स्थापित करने के लिए 5 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण प्रदान किया जाता है।

यदि उद्यमी इस ऋण को समय पर चुकाते हैं, तो उन्हें दूसरे चरण में 10 लाख रुपये तक की परियोजना के लिए आवेदन करने का अवसर भी मिलता है। इस योजना के तहत आवेदन करने के लिए इच्छुक युवा राज्य के आधिकारिक एमएसएमई पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इसके अलावा वे अपने जिले के जिला उद्योग केंद्र से भी संपर्क कर सकते हैं।

हर साल 1 लाख युवा उद्यमी बनाने का लक्ष्य

राज्य सरकार का लक्ष्य इस योजना के माध्यम से हर वर्ष एक लाख युवाओं को उद्यमी बनाना है। इसके साथ ही प्रदेश में कुल 10 लाख सूक्ष्म इकाइयों की स्थापना का लक्ष्य रखा गया है। यह पहल न केवल बेरोजगारी की समस्या को कम करने में मदद करेगी, बल्कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूत बनाएगी।

युवाओं के लिए प्रेरणा बनी तूबा

आज तूबा की सफलता की कहानी प्रदेश के हजारों युवाओं के लिए प्रेरणा बन चुकी है। उन्होंने साबित कर दिया है कि यदि सही दिशा और अवसर मिल जाए तो युवा अपनी मेहनत और प्रतिभा के बल पर बड़ी उपलब्धियां हासिल कर सकते हैं। तूबा का मानना है कि युवाओं को जोखिम लेने से डरना नहीं चाहिए। अगर कोई व्यक्ति अपने विचार पर विश्वास करता है और मेहनत करने के लिए तैयार है, तो सफलता जरूर मिलती है।

आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ता उत्तर प्रदेश

प्रदेश में चल रही स्वरोजगार योजनाएं युवाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही हैं। इन योजनाओं के माध्यम से युवा अपने सपनों को साकार कर रहे हैं और समाज में एक नई पहचान बना रहे हैं। तूबा की कहानी इसी परिवर्तन का प्रतीक है। उन्होंने यह साबित कर दिया है कि सरकारी योजनाओं का सही उपयोग करके युवा न केवल अपने सपनों को पंख दे सकते हैं, बल्कि दूसरों के लिए भी अवसरों के नए द्वार खोल सकते हैं। इस प्रकार ‘सॉइल कॉन्सेप्ट’ ब्रांड की सफलता केवल एक व्यवसाय की कहानी नहीं है, बल्कि यह आत्मनिर्भर भारत और आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश की दिशा में बढ़ता एक मजबूत कदम भी है।