Gyanvapi and Mathura Update: देश में इन दिनों ज्ञानवारी-गौरी श्रृंगार और श्रीकृष्ण जन्मभूमि के लेकर मामला चल रहा है। लेकिन क्या आप जानते है ये जंग किसने और कैसे शुरू की।
देशभर की निगाहें इन दिनों ज्ञानवापी मस्जिद-श्रृंगार गौरी परिसर और श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद पर टिकी हैं। श्रृंगार गौरी, बाबा विश्वनाथ और कृष्ण कन्हैया से जुड़े ये दोनों ही मामले वाराणसी और मथुरा के जिला न्यायालयों में लड़े जा रहे हैं। हाईकोर्ट और सुप्रीमकोर्ट में भी सुनवाई जारी है। देश-दुनिया में चर्चा का विषय बने इन दोनों मामलों को कोर्ट की दहलीज तक ले जाने वाली छह महिलाए हैं। इनमें पांच महिलाएं ज्ञानवापी प्रकरण से जुड़ी हैं तो एक महिला कृष्ण जन्मभूमि के मुद्दे की लड़ाई लड़ रही हैं। खास बात यह है श्रृंगार गौरी से जुड़ी पांचों महिलाओं में से एक ने भी अभी तक एक भी सुनवाई में हिस्सा नहीं लिया।
ज्ञानवापी प्रकरण से जुड़ी पांच महिलाएं
ज्ञानवापी मामले में मुकदमा दायर करने वाली पांच याचिकाकर्ताओं में से एक दिल्ली की रहने वाली हैं और बाकी चार महिलाएं वाराणसी की हैं। इन महिलाओं ने ज्ञानवापी परिसर के अंदर 'श्रृंगार गौरी स्थल' पर प्रार्थना करने की अनुमति मांगी है। इन महिलाओं के नाम हैं-राखी सिंह, लक्ष्मी देवी, सीता साहू, मंजू और रेखा पाठक।
कौन हैं दिल्ली की राखी सिंह
ज्ञानवापी प्रकरण की मुख्य याचिकाकर्ता दिल्ली की राखी सिंह विश्व वैदिक सनातन संघ की संस्थापक सदस्य हैं। यह अभी तक मामले में किसी भी सुनवाई में उपस्थित नहीं हुई हैं। राखी सिंह हिंदुत्व के लिए काम करने के साथ ही समाजसेवी हैं। वह कई बार वाराणसी आ चुकी हैं और देवी मां श्रृंगार गौरी की उपासक हैं।
विहिप नेता की पत्नी लक्ष्मी देवी
वाराणसी के महमूरगंज की लक्ष्मी देवी के पति विहिप नेता हैं। उनका नाम सोहन लाल आर्य है। यह किसी संगठन से नहीं जुड़ी हैं। बल्कि अपनी घर गृहस्थी में व्यस्त रहती हैं। लक्ष्मी भी अदालत की सुनवाई में अभी तक शामिल नहीं हुई हैं।
जनरल स्टोर की मालकिन हैं सीता साहू
याचिका की तीसरी सदस्य सीता साहू ज्ञानवापी परिसर से महज 2 किमी दूर वाराणसी के चेतगंज इलाके में अपने घर से एक छोटा सा जनरल स्टोर चलाती हैं। ये भी किसी संगठन से नहीं जुड़ी। इनका कहना है कि हमें मंदिर में अपनी देवी की ठीक से पूजा करने की अनुमति नहीं है। इसलिए याचिका दायर की। यह भी किसी सुनवाई में नहीं गयीं।
कौन है रेखा पाठक
काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर के समीप स्थित हनुमान पाठक क्षेत्र की निवासी रेखा पाठक गृहिणी हैं। उनका कहना है कि मंदिर में पूजा के लिए महिलाओं को बैरिकेडिंग के पार जाने की अनुमति नहीं है, इसलिए याचिका का हिस्सा बनीं।
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ब्यूटी पार्लर संचालिका हैं मंजू
पांचवी वादिनी मंजू व्यास ज्ञानवापी परिसर से 1.5 किमी दूर अपने घर में एक ब्यूटी पार्लर चलाती हैं। यह भी किसी भी संगठन की सदस्य नहीं हैं। इनका कहना है कि हमारी रुचि सिर्फ श्रृंगार गौरी स्थल पर प्रार्थना करने में है। इसलिए याचिका दायर की।
कृष्ण की सखी हैं मथुरा केस की रंजना अग्निहोत्री
श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद को सुर्खियों में लाने वाली रंजना अग्निहोत्री अधिवक्ता हैं। वह खुद को भगवान श्रीकृष्ण की सखी बताते हुए सितंबर, 2020 में सिविल कोर्ट में याचिका दाखिल किया था।