
IAS दिव्या मित्तल (फोटो- Instagram/@divyamittal_IAS)
Divya Mittal IAS Resignation: अपनी कार्यशैली और जनता के प्रति समर्पण के लिए चर्चित उत्तर प्रदेश कैडर की IAS अधिकारी दिव्या मित्तल ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। जिलाधिकारी के तौर पर उनकी तैनाती के दौरान किए गए विकास कार्यों और जनहितैषी फैसलों को लोग आज भी याद करते हैं। वह राजनेताओं के दबाव में आए बिना अपने फैसलों पर अडिग रहती थीं। उनके इस्तीफे के बाद उनके कार्यकाल और किए गए कामों की चर्चा फिर शुरू हो गई है। दिव्या मित्तल अपने सख्त फैसलों के साथ ही आम लोगों की समस्याओं को गंभीरता से सुनने के लिए भी जानी जाती हैं।
दिव्या मित्तल के दृढ़ संकल्प का ही नतीजा था कि मीरजापुर जिला मुख्यालय से 60 किलोमीटर दूर ड्रमंडगंज की पहाड़ी पर बसे लहुरियादह गांव को आजादी के लगभग 76 साल बाद पहली बार पाइपलाइन से पानी मिला। 29 अगस्त 2023 का दिन इस गांव के लिए ऐतिहासिक रहा। जब गांव में नल से पानी पहुंचा तो 75 वर्षीय दुईजी देवी ने भावुक होकर तत्कालीन DM दिव्या मित्तल के सिर पर हाथ रखा और आशीर्वाद देते हुए कहा था..."जुग जुग जियो बिटिया, तुम्हारी मेहनत रंग लाई और हम सभी को पानी के संकट से मुक्ति मिल गई।" ग्रामीणों का कहना है कि जो काम पूर्व के अधिकारी और नेता नहीं कर सके वह दिव्या मित्तल ने कर दिखाया।
अपनी तैनाती के दौरान दिव्या मित्तल ने मां विंध्यवासिनी धाम आने वाले वृद्ध और असहाय श्रद्धालुओं की परेशानी को भी समझा। गुजरात से आए करीब 3 दर्जन बुजुर्ग श्रद्धालुओं ने उनसे पैदल चलने में होने वाली सांस फूलने की समस्या बताई थी। इसे गंभीरता से लेते हुए दिव्या मित्तल ने तुरंत कानपुर से 4 गोल्फ कार्ट और एक बस मंगवाकर श्रद्धालुओं के लिए निशुल्क संचालन शुरू कराया था। उनके इस त्वरित फैसले की खूब सराहना हुई थी।
दिव्या मित्तल की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जब उनका मीरजापुर से बस्ती तबादला हुआ तो लोगों ने उन्हें झूले पर बैठाकर फूलों की बारिश करते हुए शानदार विदाई दी थी। लोगों का कहना था कि उन्होंने अधिकारी के तौर पर आम लोगों की समस्याओं को समझा और कई मामलों में खुद पहल करके समाधान कराया। यही वजह है कि मीरजापुर से जाने के बाद भी लोग उन्हें याद करते हैं।
दिव्या मित्तल मूल रूप से हरियाणा के रेवाड़ी की रहने वाली हैं। उन्होंने IIT दिल्ली से बीटेक और IIM बेंगलुरु से MBA की पढ़ाई की। इसके बाद दिव्या और उनके पति गगनदीप सिंह की लंदन में बहुत अच्छे पैकेज पर नौकरी लग गई। लेकिन देश प्रेम के चलते दोनों ने लंदन की शानदार नौकरी छोड़ दी और भारत वापस लौट आए। दिव्या मित्तल 2012 में अपने पहले प्रयास में ही IPS और 2013 में दूसरे प्रयास में 68वीं रैंक के साथ IAS अधिकारी बनीं। यूपीएससी पास करने के बाद 18 सितंबर, 2022 को उन्हें मीरजापुर के DM की जिम्मेदारी सौंपी गई थी।
अब IAS के पद से इस्तीफा देने के बाद उनकी नई पारी को लेकर भी चर्चाएं तेज हैं। माना जा रहा है कि वह शिक्षा, युवाओं को प्रेरित करने और लेखन के क्षेत्र में काम कर सकती हैं। वह अपने प्रशासनिक अनुभवों को नई पीढ़ी के साथ साझा करना चाहती हैं।
Updated on:
30 Aug 2026 05:54 pm
Published on:
30 Aug 2026 05:54 pm
