
उत्तर प्रदेश के डिप्टी CM केशव प्रसाद मौर्य का बड़ा बयान | Image - X/@kpmaurya1
Deputy CM Keshav Prasad Maurya Latest News:उत्तर प्रदेशके डिप्टी CM केशव प्रसाद मौर्य का एक इंटरव्यू सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। उनका ये वीडियो एक निजी चैनल के साथ बातचीत का है। इंटरव्यू में उनसे मुख्यमंत्री बनने की संभावना को लेकर सवाल पूछा गया। इसके जवाब में केशव प्रसाद मौर्य ने साफ शब्दों में कहा कि उनकी भी मुख्यमंत्री बनने की महत्वाकांक्षा है। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री कौन बनेगा, इसका फैसला उनका नहीं बल्कि पार्टी का नेतृत्व और विधायक दल करेगा।
केशव मौर्य के इस बयान के बाद उत्तर प्रदेश की सियासत में एक बार फिर मुख्यमंत्री पद को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। खासकर इसलिए कि राज्य में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और डिप्टी CM केशव प्रसाद मौर्य के बीच राजनीतिक मतभेदों को लेकर समय-समय पर अटकलें लगती रही हैं।
वायरल वीडियो में इंटरव्यू के दौरान केशव प्रसाद मौर्य से पूछा गया कि वह कब तक डिप्टी सीएम बने रहेंगे और क्या कभी मुख्यमंत्री बनने की इच्छा है? इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि संभव है कि अगली बार लोग उन्हें मुख्यमंत्री के रूप में देखें। उन्होंने साथ ही यह भी कहा कि यह भी हो सकता है कि अगली बार उन्हें किसी और भूमिका में देखा जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री पद को लेकर अंतिम फैसला पार्टी का नेतृत्व करेगा, न कि वह खुद।
केशव मौर्य ने कहा कि भाजपा में सामान्य से सामान्य कार्यकर्ता को भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलने का अवसर मिलता है।
अपने बयान में डिप्टी CM ने मुख्यमंत्री बनने की अपनी इच्छा को खुलकर स्वीकार किया। उन्होंने कहा कि उनकी भी महत्वाकांक्षा है कि वह मुख्यमंत्री बनें, लेकिन सिर्फ उनकी इच्छा से ऐसा संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि भाजपा में मुख्यमंत्री पद का फैसला पार्टी का नेतृत्व करता है। इसके अलावा विधायक दल भी यह तय करता है कि सरकार का नेतृत्व कौन करेगा।
केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि फिलहाल पार्टी का मुख्य लक्ष्य उत्तर प्रदेश में बहुमत हासिल करना है। उन्होंने 2017 के विधानसभा चुनाव का उदाहरण देते हुए कहा कि भाजपा का लक्ष्य उस समय की तरह प्रचंड बहुमत हासिल करना है। उन्होंने कहा कि चुनाव लड़ते समय प्राथमिकता बहुमत हासिल करने की होती है। इसके बाद मुख्यमंत्री के नाम पर फैसला किया जाता है।
डिप्टी CM ने मुख्यमंत्री के चयन की प्रक्रिया को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि चुनाव में बहुमत हासिल होने के बाद विधायक दल यह तय करता है कि किसके नेतृत्व में सरकार बनाई जाएगी। इसके बाद केंद्रीय पर्यवेक्षक उत्तर प्रदेश आते हैं और विधायकों से फीडबैक लेते हैं। पूरी प्रक्रिया के बाद मुख्यमंत्री के नाम का ऐलान किया जाता है।
केशव प्रसाद मौर्य ने अपने बयान में यह भी स्पष्ट किया कि उनके मन में मुख्यमंत्री बनने की इच्छा जरूर है। उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं है कि उनके मन में मुख्यमंत्री बनने की चाहत नहीं है। हालांकि, उन्होंने यह भी दोहराया कि मुख्यमंत्री पद पर कौन बैठेगा, यह उनके व्यक्तिगत फैसले से तय नहीं होगा। इसका निर्णय पार्टी नेतृत्व और विधायक दल की प्रक्रिया के तहत किया जाएगा।
केशव प्रसाद मौर्य के इस बयान के सामने आने के बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति में मुख्यमंत्री पद को लेकर चर्चाएं फिर तेज हो गई हैं। उनके और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बीच संबंधों को लेकर पहले भी राजनीतिक गलियारों में तरह-तरह की चर्चाएं होती रही हैं। ऐसे में केशव मौर्य का मुख्यमंत्री पद को लेकर अपनी महत्वाकांक्षा स्वीकार करना राजनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है। हालांकि, उन्होंने अपने बयान में पार्टी के फैसले को सर्वोपरि बताया है।
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Updated on:
30 Aug 2026 12:21 pm
Published on:
30 Aug 2026 12:21 pm
