
जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह (फोटो- ANI)
UP Flood Update: नेपाल में आई भयानक बाढ़ की तबाही के बाद उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती इलाकों में नदियों का जलस्तर बढ़ने से बाढ़ का खतरा बना हुआ है। इस बीच उत्तर प्रदेश के जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने शनिवार को प्रदेश में बाढ़ की स्थिति को लेकर बड़ा अपडेट दिया। उन्होंने दावा किया है कि नेपाल की जल त्रासदी से यूपी को फिलहाल कोई खतरा नहीं है लेकिन इसके बावजूद सरकार और प्रशासन हर पल पूरी तरह सतर्क हैं। नेपाल से पानी आने की आशंका को देखते हुए अधिकारी और कर्मचारी लगातार निगरानी कर रहे हैं।
जल शक्ति मंत्री ने कहा कि साल 2017 में मुख्यमंत्री बनने के बाद से ही योगी आदित्यनाथ बाढ़ की समस्या से निपटने के लिए दिन रात काम कर रहे हैं ताकि राज्य में लोगों को किसी प्रकार की कठिनाई न हो। 2017 से पहले प्रदेश में बांध कट जाते थे और भारी नुकसान होता था लेकिन अब सभी बांध पूरी तरह सुरक्षित हैं। उन्होंने बताया कि बाढ़ नियंत्रण से जुड़ी हमारी सौ प्रतिशत परियोजनाएं समय से पूरी हो चुकी हैं। शुरुआत में नेपाल से भारी मात्रा में पानी आने की आशंका थी और लग रहा था कि गंडक नदी पर वाल्मीकि बैराज से पानी का भारी दबाव बनेगा लेकिन अधिकारियों की मुस्तैदी से सब नियंत्रण में है। बैराज पर पानी का दबाव नहीं है और बाढ़ की आशंका वाले सभी जिले सुरक्षित हैं।
शनिवार को ही प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बलिया में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण किया। उन्होंने बांसडीह, बलिया और बैरिया क्षेत्रों में कटान और जलभराव का जायजा लेने के बाद बाढ़ पीड़ितों को राहत सामग्री भी वितरित की। सीएम योगी ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि संकट की इस घड़ी में किसी भी बाढ़ पीड़ित को कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार लगातार जनप्रतिनिधियों और स्थानीय प्रशासन के संपर्क में है। अधिकारियों को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए राहत कार्यों को लेकर सख्त निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ दिनों में हुई अत्यधिक बारिश के कारण प्रदेश के 26 जिलों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हुए हैं। इससे करीब एक लाख 71 हजार से अधिक लोग और 251 गांव प्रभावित हुए हैं। प्रभावित इलाकों में प्रशासन की ओर से राहत और बचाव कार्यों में काफी तेजी लाई गई है।
Updated on:
29 Aug 2026 07:14 pm
Published on:
29 Aug 2026 07:14 pm
