आज का पंचाग
23 जनवरी 2016
आज का दिन मंगलमय हो
शनिवार के दिन तेल मर्दन करने से सुख की प्राप्ति होती है। (मुहूर्तगणपति)
शनिवार के दिन बाल (क्षौरकर्म ) काटने या कटवाने से आयु घटती है। (महाभारत अनुशासनपर्व)
शनिवार के दिन पीपल के वृक्ष को स्पर्श करने से ग्रहजन्य पीड़ा से मुक्ति मिलती है।
शनिवार के दिनपीपल।के वृक्ष के नीचे बैठकर "ॐ नमः शिवाय " का मन्त्र 108 बार जप करने से ग्रहदोषो के प्रभाव शांत होता है।
शनिवार के दिन पीपल के वृक्ष में प्रातःकाल जल चढ़ाने से अथवा सायंकाल दीपक जलाने से भौतिक रोग और अभिचारजनित बाधा से मुक्ति मिलती है।
शनिवार के दिन सुन्दरकाण्ड का पाठ या हनुमानचालीसा पढ़ने से शनि की साढ़ेसाती के कष्ट से मुक्ति मिलती है।
विक्रम संवत् - 2072
संवत्सर कीलक तदुपरि सौम्य
शक संवत् - 1937
अयन - उत्तरायण
गोल - दक्षिण
ऋतु - शिशिर
मास - पौष
पक्ष - शुक्ल
तिथि- चतुर्दशी प्रातः 07:07 बजे तक तदुपरान्त पूर्णिमा।।
नक्षत्र- पुनर्वसु रात्रि 08:00 बजे तक तदुपरान्त पुष्य।
योग - विष्कुम्भ रात्रि 01:40 बजे तक तदुपरान्त प्रीति।
दिशाशूल - शनिवार को पूर्व दिशा एवं ईशानकोण का दिकशूल होता है । यदि यात्रा आवश्यक हो तो तिल का सेवनकर प्रस्थान करें।
राहुकाल (अशुभ)- दिन 09:30 से 10:30 बजे तक।
सूर्योदय -प्रातः 06:39 ।
सूर्यास्त - सायं 05:21 ।
विशेष-
चतुर्दशी और पुर्णमासी को स्त्री सहवास और तिल का तेल का सेवन निषिद्धढ है।(ब्रह्मवैवर्त पुराण ब्रह्मा खण्ड)
पर्व त्यौहार-व्रत की पूर्णिमा, शाकम्भरी जयन्ती।
मुहूर्त- वस्तु क्रय विक्रय, पशु क्रय विक्रय, कृष्ण वस्त्र धारण मुहूर्त।
कल 24 जनवरी 2016 दिन रविवार को रवि पुष्य योग है। इसका काल प्रातः 06:38 बजे से रात्रि 08:34 बजे तक है। पुष्य नक्षत्र में किया गया जप , तप, स्नान, दान अथवा पितरो का श्राद्ध महा पुण्यदायी होता है।