
स्कूलों में हलवा और रसोइयों को बड़ी राहत
UP Mid Day Meal Update:उत्तर प्रदेश सरकार ने पीएम पोषण योजना (मिड-डे मील) को और प्रभावी बनाने के लिए कई अहम फैसले लिए हैं। अब सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को हर शुक्रवार सूजी का हलवा परोसा जाएगा। इसके साथ ही मध्याह्न भोजन बनाने वाले रसोइयों (कुक-कम-हेल्पर) को भी बड़ी राहत मिली है। उनकी सेवानिवृत्ति की आयु बढ़ाकर 62 वर्ष कर दी गई है। मुख्य सचिव एस.पी. गोयल की अध्यक्षता में हुई मध्याह्न भोजन प्राधिकरण की प्रबंधकारिणी बैठक में इन प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।
सरकार ने बच्चों के पोषण स्तर को बेहतर बनाने के उद्देश्य से पीएम पोषण योजना में नया बदलाव किया है। इसके तहत अक्टूबर 2026 से जनवरी 2027 तक प्रत्येक शुक्रवार स्कूलों में सूजी का हलवा परोसा जाएगा। कुल 14 शुक्रवार के दौरान बच्चों को हलवा मिलेगा, जिसमें 7 शुक्रवार मीठा सूजी का हलवा और 7 शुक्रवार नमकीन सूजी का हलवा परोसा जाएगा। हलवा बनाने के लिए रसोइयों को प्रति छात्र प्रति कार्य दिवस 2 रुपये अतिरिक्त पारिश्रमिक भी दिया जाएगा।
बैठक में यह भी तय किया गया कि मिड-डे मील बनाने वाले रसोइयों की सेवानिवृत्ति की आयु 62 वर्ष होगी। साथ ही यह व्यवस्था भी लागू होगी कि यदि किसी रसोइए की आयु शैक्षणिक सत्र के बीच पूरी हो जाती है, तो वह सत्र समाप्त होने तक अपनी सेवाएं जारी रख सकेगा। नए रसोइयों का चयन अगले शैक्षणिक सत्र शुरू होने से पहले किया जाएगा।
मध्याह्न भोजन प्राधिकरण के तहत कार्यरत सिस्टम एनालिस्ट, मंडल एवं जिला समन्वयक और कंप्यूटर ऑपरेटरों के मानदेय में 10 प्रतिशत बढ़ोतरी को भी मंजूरी दी गई है। इन कर्मचारियों के मानदेय में वर्ष 2016 के बाद पहली बार वृद्धि की गई है।
बैठक में संविदा पर कार्यरत सिस्टम एनालिस्ट, समन्वयक, कंप्यूटर ऑपरेटर और अन्य कर्मचारियों के लिए अधिकतम कार्य आयु 60 वर्ष निर्धारित करने का फैसला लिया गया। इसके अलावा मध्याह्न भोजन प्राधिकरण में सहायक निदेशक के चार पदों पर केंद्र सरकार, राज्य सरकार और सार्वजनिक उपक्रमों (PSU) के अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति से नियुक्ति का प्रस्ताव भी मंजूर किया गया।
बैठक में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग नीति के तहत आठ नए निवेश प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई। करीब 15.08 करोड़ रुपये के प्रस्तावित निवेश वाली इन परियोजनाओं में नमकीन, ब्रेड, रस्क, सोया उत्पाद, पास्ता, पोल्ट्री फीड और अन्य खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों के साथ रूफटॉप सोलर पावर प्लांट से जुड़ी परियोजनाएं शामिल हैं। इन प्रस्तावों को अब राज्य स्तरीय इम्पावर्ड कमेटी के पास अंतिम मंजूरी के लिए भेजा जाएगा।
Updated on:
29 Jul 2026 09:29 am
Published on:
29 Jul 2026 09:29 am
