
up monsoon
मौसम विज्ञानी अतुल कुमार सिंह का कहना है कि 18 जून को आने वाला पश्चिमी विक्षोभ प्रदेश में मौसम में महत्वपूर्ण परिवर्तन लाएगा। इसके प्रभाव से 20 जून से आसमान में बादल छाने लगेंगे और बूंदाबांदी की संभावना है, जिससे गर्मी में कमी आएगी। फिलहाल, मानसून प्रदेश में प्रवेश नहीं कर सका है, लेकिन प्री-मानसून गतिविधियां जल्द ही शुरू होने की उम्मीद है।
16-18 जून: उत्तर प्रदेश के अधिकांश हिस्सों, पंजाब, हरियाणा-चंडीगढ़-दिल्ली, बिहार, और झारखंड में लू से गंभीर लू की संभावना है।
16-18 जून: जम्मू संभाग, हिमाचल प्रदेश, उत्तरी राजस्थान, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, और गंगीय पश्चिम बंगाल में लू की संभावना है।
17-18 जून: दिल्ली, पंजाब, हरियाणा-चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश, और मध्य प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में गर्म रात की स्थिति हो सकती है।
17-21 जून: ओडिशा में गर्म और आर्द्र मौसम की संभावना है।
17 जून: आसमान में बादल आने से दिन के तापमान में एक डिग्री की कमी, लेकिन रात का तापमान बढ़ सकता है।
18 जून: चिलचिलाती धूप के बीच बादल, जिससे तापमान स्थिर रह सकता है।
19 जून: पश्चिमी विक्षोभ का असर, बादलों में नमी बढ़ने से तापमान में कमी।
20 जून: बादल बूंदाबांदी करा सकते हैं, जिससे तापमान कम होगा।
21 जून: प्री-मानसून एक्टिविटी शुरू होने से बूंदाबांदी और तापमान में कमी।
22 जून: आसमान में बादल वर्षा करा सकते हैं, जिससे अधिकतम और न्यूनतम तापमान में कमी दर्ज हो सकती है।
मौसम विभाग की चेतावनी के अनुसार, आगामी दिनों में लू और गर्म रात की स्थिति बनी रहेगी। हालांकि, 18 जून के बाद पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम में सुधार की उम्मीद है, जिससे प्रदेश में तापमान में कमी और बूंदाबांदी हो सकती है। इस परिवर्तन से गर्मी से राहत मिल सकती है।
संबंधित विषय:
Published on:
17 Jun 2024 09:56 am
बड़ी खबरें
View Allलखनऊ
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
