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‘जानबूझकर मुस्लिमों पर कार्रवाई करा रही सरकार’, समाजवादी पार्टी के सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने भाजपा पर साधा निशाना

Ziaur Rahman Barq Latest News: सपा सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने मौलाना तौकीर रजा की जमानत खारिज होने, आंगनबाड़ी मानदेय और मस्जिद-मदरसे को नोटिस दिए जाने के मुद्दे पर सरकार को घेरा। उन्होंने अधिकारियों को कानून के दायरे में कार्रवाई करने की चेतावनी दी।
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लखनऊ

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Harshul Mehra

Sep 10, 2026

ziaur rahman barq on tauqeer raza bail mosque notice

समाजवादी पार्टी के सांसद जियाउर्रहमान बर्क| Image - X/@ziaurrahmanbarq

Ziaur Rahman Barq Latest News: समाजवादी पार्टी के सांसद जियाउर्रहमान बर्क ने मौलाना तौकीर रजा खान की जमानत याचिका खारिज होने से लेकर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में बढ़ोतरी और मस्जिद-मदरसे को नोटिस जारी किए जाने के मुद्दे पर भाजपा सरकार को घेरा। बर्क ने सरकार व अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार जानबूझकर मुस्लिमों पर कार्रवाई करवा रही है।

तौकीर रजा की जमानत खारिज होने पर क्या बोले बर्क?

मौलाना तौकीर रजा खान की जमानत याचिका खारिज होने के सवाल पर जियाउर्रहमान बर्क ने कहा कि यह न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा है। उन्होंने कहा कि जमानत खारिज होने के बाद भी उनके पास आगे कानूनी विकल्प मौजूद हैं। बर्क ने आरोप लगाया कि सरकार ने एक साजिश के तहत मौलाना तौकीर रजा के खिलाफ लंबे समय तक कार्रवाई की है। उनके मुताबिक, तौकीर रजा के परिवार, समर्थक और शुभचिंतक उनकी जमानत के लिए कानूनी प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि आगे की कानूनी प्रक्रिया में उन्हें राहत मिल सकती है।

आंगनबाड़ी मानदेय बढ़ाने के फैसले पर उठाए सवाल

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय बढ़ाकर 12 हजार रुपये किए जाने के फैसले पर भी सपा सांसद ने सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि मानदेय बढ़ाने में करीब 10 साल का समय लग गया। उनका कहना है कि सरकार इससे पहले भी आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय बढ़ा सकती थी। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव को ध्यान में रखते हुए इस तरह के फैसले लिए जा रहे हैं। बर्क ने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के साथ-साथ शिक्षा मित्रों के मानदेय में भी पर्याप्त बढ़ोतरी होनी चाहिए। उन्होंने इसे बढ़ाकर 50 हजार रुपये किए जाने की मांग की।

मस्जिद-मदरसे को नोटिस देने पर अधिकारियों को चेतावनी

मस्जिद, मदरसा और कब्रिस्तान से जुड़े मामलों में नोटिस जारी किए जाने को लेकर भी बर्क ने अधिकारियों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को अपनी कार्रवाई कानून के दायरे में रहकर करनी चाहिए। सपा सांसद ने कहा कि अधिकारी न्यायपालिका की भूमिका नहीं निभा सकते। उनके मुताबिक, किसी भी मामले में कार्रवाई करते समय कानूनी प्रक्रिया का पालन जरूरी है।

सरकार का ध्यान रोजगार और शिक्षा से हट गया: बर्क

जियाउर्रहमान बर्क ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार का फोकस रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और महंगाई जैसे मुद्दों से हटकर मस्जिद, मदरसे और कब्रिस्तान से जुड़े मामलों पर हो गया है। उन्होंने कहा कि सिर्फ मुसलमानों को परेशान करके राजनीतिक जीत हासिल करने की कोशिश सफल नहीं हो सकती। बर्क ने सरकार से आम लोगों से जुड़े बुनियादी मुद्दों पर ध्यान देने की अपील की।

सहारनपुर मस्जिद कार्रवाई का भी किया जिक्र

सपा सांसद ने सहारनपुर की मस्जिद से जुड़े मामले का जिक्र करते हुए वहां हुई कार्रवाई को गलत बताया। उन्होंने दावा किया कि संभल, मुरादाबाद और अन्य स्थानों पर भी नोटिस जारी करके लोगों को परेशान किया जा रहा है। बर्क ने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर किसी अधिकारी ने कानून के खिलाफ जाकर कार्रवाई की तो आने वाले समय में उसके खिलाफ अदालत का रुख किया जाएगा।

'दोषी अधिकारियों को सजा मिलने तक पीछे नहीं हटेंगे'

जियाउर्रहमान बर्क ने कहा कि गलत कार्रवाई करने वाले अधिकारियों के खिलाफ कानूनी लड़ाई जारी रखी जाएगी। उन्होंने कहा कि दोषी अधिकारियों को सजा दिलाने तक वह पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने सरकार से सवाल किया कि किसी मस्जिद को गिराने या उसके खिलाफ कार्रवाई करने से क्या किसी व्यक्ति को रोजगार मिलेगा या उसकी आर्थिक स्थिति बेहतर होगी?

विकास और जनहित के मुद्दों पर ध्यान देने की मांग

बर्क ने सरकार से रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और महंगाई जैसे मुद्दों को प्राथमिकता देने की मांग की। उन्होंने कहा कि जनता से जुड़े वास्तविक मुद्दों पर काम करने की जरूरत है। सपा सांसद ने कहा कि सरकार को ऐसे फैसलों पर ध्यान देना चाहिए जिनसे आम लोगों की आर्थिक स्थिति मजबूत हो और युवाओं को रोजगार के अवसर मिलें।