
मथुरा. केरल की अर्नाकुलम जेल में बंद पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) का सदस्य कोर्ट में पेश नहीं किया जा सका है। बता दें कि प्रवर्तन निदेशालय (Enforcement Directorate) ने पांचवे आरोपी रऊफ शरीफ को केरल में गिरफ्तार किया था। मथुरा की अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने एक जनवरी को बी वारंट जारी करते हुए उसे 15 जनवरी को हाजिर होने का आदेश दिया था।
उल्लेखनीय है कि हाथरस कांड के सुर्खियों में रहने के दौरान पीएफआई और सीएफआई के 4 सदस्यों को मांट पुलिस ने हाथरस जाते समय गिरफ्तार किया था। चारों आरोपियों पर विदेशी फंडिंग से यूपी में दंगे भड़काने की साजिश रचने का आरोप लगाया गया था। फंडिंग को लेकर प्रवर्तन निदेशालय की टीम ने मथुरा जेल आरोपियों से पूछताछ की थी। इसके बाद ईडी की टीम ने 12 दिसंबर को केरल से रऊफ शरीफ को गिरफ्तार किया था। रऊफ शरीफ पर पीएफआई के लिए विदेशों से फंडिंग लेने का आरोप लगा है, जो फिलहाल अर्नाकुलम जेल में बंद है।
केस की जांच कर रहे एसटीएफ अधिकारी राकेश पालीवाल ने एक जनवरी को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश अनिल कुमार पांडे की कोर्ट में बी वारंट के लिए आवेदन किया था, जिसके तहत पीएफआई सदस्य रऊफ शरीफ को 15 जनवरी को कोर्ट में पेश होना था, लेकिन न तो रऊफ शरीफ को पेश किया और न ही एसटीएफ का कोई सदस्य पेश हुआ। सरकारी अधिकवक्ता शिवराम सिंह ने बताया कि अर्नाकुलम जेल में बंद पीएफआई सदस्य कोर्ट में हाजिर नहीं हो सका है।
Published on:
16 Jan 2021 02:52 pm
बड़ी खबरें
View Allमथुरा
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
