
मेरठ। अपने बीमार पिता को लेकर हरियाणा (Hariyana) के गुरुग्राम (Gurugram) से बिहार (Bihar) के दरभंगा (Darbhanga) तक का 1200 किमी का सफर तय करने वाली ज्योति (Jyoti Kumari) ने जज्बे अपनी किस्मत बदल ली है। अब मेरठ (Meerut) ने उनकी जिंदगी संवारने का फैसला लिया है। मेरठ में रहने वाले एक शख्स ने ज्योति के ग्रेजुएशन और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयार कराने का फैसला लिया है।
Akhilesh Yadav भी कर चुके हैं तारीफ
आज के समय ज्योति किसी परिचय की मोहताज नहीं है। लॉकडाउन (Lockdown) में अपने पिता को लेकर साइकिल पर सफर करने वाली ज्योति की तारीफ खुद अमेरिकी राष्ट्रपति (US President) डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) की बेटी इवांका (Ivanka Trump) कर चुकी हैं। 15 साल की ज्योति कुमारी साइकिलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया और सपा (Samajwadi Party) अध्यक्ष अखिलेश यादव का ध्यान भी अपनी ओर खींच चुकी हैं। इतना ही नहीं दरभंगा डाक विभाग ने उनके सम्मान में डाक टिकट भी जारी किया है।
पढ़ाई के साथ उठाएंगे रहने व खाने का खर्च
अब मेरठ के रहने वाले राजेश भारती ने ज्योति कुमारी के ग्रेजुएशन का खर्चा उठाने का फैसला किया है। साथ ही उन्होंने ज्योति को सिविल सर्विसेज कराने का प्रस्ताव भी दिया है। इस दौरान वह बहादुर बेटी के रहने और खाने का पूरा खर्च उठाएंगे। सिविल सर्विसेज की तैयारी कराने वाले अमात्य इंस्टीट्यूट के डायरेक्टर राजेश भारत का कहना है कि उनको खबरों के जरिए ज्योति के बारे में पता चला था। इसके बाद उन्होंने ज्योति के पिता मोहन पासवान से फोन पर बात की है। उन्होंने उनको ज्योति का ग्रेजुएशन में एडमिशन मेरठ कॉलेज (Meerut College) में कराने को कहा है। इस दौरान वह उसके रहने और खाने का पूरा खर्च उठाएंगे।
सिविल सर्विसेज की तैयारी भी कराएंगे
राजेश भारती ने कहा कि साथ ही उन्होंने ज्योति को सिविल सर्विसेज की तैयारी कराने को भी कहा है। वह प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान भी ज्योति के रहने और खाने का खर्च उठाएंगे। बता दें कि इससे पहले राजेश भारती पूर्व कर्नल अमरदीप त्यागी के साथ मिलकर 800 मास्क और दस्ताने उत्तराखंड में सेना (Indian Army) की यूनिट तक पहुंचाए थे। लॉकडाउन में वे यह सामान मेरठ से ले गए थे।
Updated on:
26 May 2020, 3:16 PM IST
Published on:
26 May 2020, 3:12 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.