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केंद्र सरकार ने SIMI पर फिर लगाया 5 साल का प्रतिबंध, आतंकी गतिविधियों में संलिप्त रहने का आरोप

केंद्र सरकार ने स्टूडेंट्स इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया (सिमी) पर फिर प्रतिगंध लगा दिया है। सरकार ने सिमी पर यह प्रतिबंध पांच सालों के लिए लगाया है।
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नई दिल्ली

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Mohit sharma

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Updated: 2 Feb 2019, 3:29 PM IST

SIMI Terrorists

SIMI Terrorists

नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने स्टूडेंट्स इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया (सिमी) पर फिर प्रतिगंध लगा दिया है। सरकार ने सिमी पर यह प्रतिबंध पांच सालों के लिए लगाया है। सरकार ने यह कदम सिमी के देश में कई आतंकी घटनाओं में कथित तौर पर शामिल रहने के चलते लगाया है। गृह मंत्रालय की ओर से जारी एक अधिसूचना के अनुसार सिमी के गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल रहने के चलते उसको तुरंत कंट्रोल करना जरूरी हो गया है। अधिसूचना में कहा गया अगर ऐसा नहीं किया गया तो सिमी अपनी विध्वंसक गतिविधियों को जारी रखेगा और देश विरोधी भावनाओं को भड़का कर धर्मनिरपेक्ष ढांचे को नुकसान पहुंचाएगा।

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गृह मंत्रालय की अधिसूचना के अनुसार सरकार गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम, 1967 की धारा 3 की उप-धारायें (1) और (3) के तहत प्रदत्त शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए सिमी को 'गैर-कानूनी संगठन' घोषित करती है। अधिसूचना में इस बात का भी जिक्र है कि यह प्रतिबंध अधिनियम की धारा 4 के तहत किया गया है, जिसके अंतर्गत संगठन को 5 साल तक के लिए बैन किया गया है। एक रिपोर्ट के अनुसार गृह मंत्रालय ने सिमी की संलिप्तता वाले 58 मामलों को सूचीबद्ध किया है। मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि यह संगठन सांप्रदायिक वैमनस्य पैदा करके देश की अखंडता और सुरक्षा को नुकसान पहुंचाने का काम करता है।

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गृह मंत्रालय के अनुसार यह आदेश गुरुवार से लागू माना जाएगा। आपको बता दें कि जिन आतंकी घटनाओं का सरकार ने जिक्र किया है, उनके 2017 में बिहार के गया में धमाका, 2014 में बेंगलुरू के चिन्नास्वामी स्टेडियम में धमाका और 2014 में भोपाल में जेल का तोड़ा जाना शामिल हैं।