
नई दिल्ली। धीरे-धीरे दिल्ली अपने पुराने मिजाज पर वापस लौटने के लिए जद्दोजहद करती दिख रही है। दिल्ली के नॉर्थ ईस्ट इलाके में हिंसा के 4 दिनों के बाद हिंसाग्रत रहे इलाके अब रोजमर्रा के कामों में मशगूल दिखने लगे हैं।
ऐसे ही उत्तर पूर्व दिल्ली का इलाका गोकुलपुरी है, जहां सोमवार की रात को जबरदस्त हिंसा हुई थी। इस क्षेत्र का गंगा विहार मुहल्ला सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ था।
हिंसा के दौरान कई मकानों और दुकानों में आग लगा दी गई थी, लेकिन दो दिन बाद गुरुवार को इस इलाके में शांति है। पुलिस और अर्धसैनिक बल के जवान लगातार पेट्रोलिग कर रहे हैं।
पूछताछ के बाद पता चला कि इस इलाके में हिंसा मामूली सी बात पर शुरू हुई थी। सालों से एक साथ रहने के बावजूद यहां हिंसा की चिंगारी कैसे फैली, इस पर इस शख्स ने बताया, "सोमवार की शाम कुछ असामाजिक तत्वों ने बिना उकसावे के गंगा विहार वरिष्ठ नागरिक कल्याण केंद्र पर कुछ बोतलें फेंक दी।
जिसके बाद आसपास के लोग उत्तेजित हो गए। उसके बाद जिसको जो समझ में आया उसने किया। बाद में इस इलाके में कई दुकानों और मकानों को आग के हवाले कर दिए गया।
नतीजा लगभग 100 परिवार को इस इलाके से जान बचाकर भागना पड़ा।"
लेकिन अब यहां शांति है किसी प्रकार का कोई तनाव नहीं है। लोग पिछली बातों को भुलाना चाहते हैं। मंगलवार शाम से इलाके में अर्धसैनिक बल की एक कंपनी तैनात है।
इलाके में तैनात एक पुलिस अधिकारी ने नाम नहीं लेने की शर्त पर बताया, "यहां पिछले 35 सालों में ऐसी कोई घटना नहीं घटी, लेकिन कुछ असामाजिक तत्वों के उकसावे के बाद यह घटना हो गई, लिहाजा अब यहां स्थिति कंट्रोल में है।
सोमवार को घटना के बाद आज गुरुवार को गंगा विहार इलाके में दुकानें खुलने लगी है और रेहड़ी पटरी वाले अपना काम शुरू कर रहे हैं। लोग बड़ी संख्या में घरों से बाहर निकल रहे हैं और खरीदारी करते देखे जा सकते हैं ।
Updated on:
27 Feb 2020 11:48 am
Published on:
27 Feb 2020 11:34 am
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
