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Ganeshotsav 2022: इस बार गणपति मंडलों ने की है खास तैयारियां, पंडालों में नजर आएगी देश भर के अलग-अलग ‘मंदिरों’ की थीम

इस साल मुंबई में गणेश उत्सव की तैयारियां जोर-शोर से चल रही है। इसमें अब सिर्फ तीन सप्ताह ही बचे है। वहीं इस बार पंडालों के लिए अलग-अलग 'मंदिरों' की थीम के साथ भगवान गणेश का स्वागत करने की तैयारी है। इस बार लालबाग के राजा का पंडाल अयोध्या के राम मंदिर के थीम पर बनाया जा रहा है।

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Ganeshotsav

इस साल गणेश चतुर्थी 31 अगस्त को मनाई जा रही है। इस दौरान गणेश उत्सव की भी शुरुआत होगी। ये उत्सव खासतौर पर महाराष्ट्र में 10 दिनों तक मनाया जाता है। गणेश चतुर्थी हर साल भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी को मनाई जाती है। जो कि इस बार 31 अगस्त को होगी। गणेशोत्सव के लिए अब सिर्फ 15 दिन बाकी हैं, मुंबई के बड़े मंडल, आगंतुकों को आकर्षित करने के लिए पंडालों के लिए अलग-अलग 'मंदिरों' की थीम के साथ भगवान गणेश का स्वागत करने की तैयारियों में जुटे है।

कोरोना महामारी की वजह से 2 सालों तक भक्तों को बप्पा का ऑनलाइन दर्शन से ही संतोष करना पड़ा था। लेकिन इस बार महाराष्ट्र के सीएम एकनाथ शिंदे ने सारे त्योहार पूरे धूम-धाम से मनाने का आह्वान किया है। इस बार लालबाग के राजा का पंडाल अयोध्या के राम मंदिर के थीम पर सजाया जा रहा है। यह भी पढ़ें: Maharashtra: पिछले 4 महीनों में 5000 से ज्यादा मौतें, 10 हजार से अधिक लोग घायल, मौत का हाईवे बन रहा है मुंबई-पुणे एक्सप्रेस वे!

लालबागचा राजा गणेशोत्सव मंडल के सचिव सुधीर साल्वी ने बताया कि पंडाल और अन्य बुनियादी ढांचे के निर्माण का काम पहले ही शुरू हो चुका है। इस साल, हम अयोध्या में राम मंदिर की रेप्लिका के रूप में मुख्य प्रवेश द्वार के रूप को दिखाने की योजना बनाए हैं। इस थीम को साकार करने वाले हैं बॉलीवुड के मशहूर आर्ट डायरेक्टर नितिन चंद्रकांत देसाई।

वहीं, गणेश गली मंडल ने इस साल वाराणसी के प्रसिद्ध काशी विश्वनाथ मंदिर को पंडाल के रूप में दिखाने का फैसला किया है। मुंबईचा राजा के नाम से प्रसिद्ध गणेश गली की मूर्ति इस बार 95 साल पूरे कर रही है। मंडल के संयुक्त सचिव अद्वैत पेधमकर ने बताया कि काशी विश्वनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण में अहिल्याबाई होल्कर की भूमिका महत्वपूर्ण है। मुगलों ने मंदिर को गिराने की कोशिश की लेकिन इसे दोबारा से खड़ा गया।

बता दें कि इस बार अंधेरीचा राजा मंडल ने सामान्य मंदिर थीम सजावट को छोड़कर गुजरात के वडोदरा में स्थित लक्ष्मी विलास पैलेस की रेप्लिका बनाने का फैसला किया है। अंधेरीचा राजा के प्रवक्ता उदय सलियन ने कहा कि लक्ष्मी विलास पैलेस का निर्माण वडोदरा में एक प्रमुख मराठा परिवार द्वारा किया गया था। इसके बारे में बहुत से लोगों को नहीं पता है। इसलिए हमने इस साल इस खूबसूरत महल को एक सजावट के रूप में बनाने का फैसला किया है।