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Buldhana Bus Accident: इंसानियत दिखाते तो बच जाती और लोगों की जान… हादसे के चश्मदीद ने सुनाई खौफनाक दास्तां!

Buldhana Bus Accident: बुलढाणा बस हादसे को लेकर स्थानीय लोगों ने कहा कि अगर समृद्धि महामार्ग से गुजर रहे वाहन पीड़ितों की मदद के लिए रुकते तो और यात्रियों की जान बचाई जा सकती थी।

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मुंबई

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Dinesh Dubey

Jul 01, 2023

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बुलढाणा बस हादसे में 26 लोगों की मौत

Bus Accident in Maharashtra: महाराष्ट्र के बुलढाणा जिले में शनिवार को हुए भीषण सड़क हादसे ने सभी को झकझोर कर रख दिया है। समृद्धि महामार्ग पर एक प्राइवेट बस की पोल और डिवाइडर से टक्कर होने के बाद बस में आग लग गई। इस भयावह हादसे में कम से कम 25 लोग जिंदा जल गए, जबकि 8 से लोग घायल हो गए। मृतकों में 3 मासूम बच्चे भी शामिल हैं। हादसे के समय बस में 33 यात्री सवार थे।

पुलिस ने बताया कि विदर्भ ट्रैवल्स की बस नागपुर से पुणे जा रही थी, रास्ते में बुलढाणा के सिंदखेडराजा के पास बस डिवाइडर से टकरा गई और इसमें आग लग गई। राज्य के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उप-मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस बुलढाणा में दुर्घटनास्थल का निरीक्षण करेंगे। महाराष्ट्र सरकार ने बस दुर्घटना में मृतकों के परिजनों को 5 लाख रुपए की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है, जबकि PMNRF से बस दुर्घटना में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को 2 लाख रुपए और घायलों को 50,000 रुपए दिए जाएंगे। यह भी पढ़े-जिंदा जले 26 लोग, DNA टेस्ट से होगी पहचान.... घायल ने बताया कैसे हुआ महाराष्ट्र के बुलढ़ाना में भीषण बस हादसा


जलने से हुई अधिक लोगों की मौत


बुलढाणा के एसपी सुनील कडासने (Sunil Kadasane) ने कहा, देर रात करीब 1:35 बजे समृद्धि महामार्ग (Samruddhi Mahamarg Expressway) पर बस एक पोल से टकराने के बाद ब्रिज से टकराई। इस कारण बस का डीजल टैंक फट गया और आग लग गई। 7-8 लोग बाहर निकल पाए। इस घटना में 25 लोगों की मृत्यु हो गई। लोगों की मौत का मुख्य कारण आग है। पुलिस ने बस के ड्राइवर और कंडक्टर को हिरासत में लिया है।

टायर फटने के सबूत नहीं!

क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (RTO) राहुल व्यंजन ने बस के दुर्घटना ग्रस्त होने के संभावित कारण बताते हुए कहा, "बस ओवरस्पीड में नहीं थी। बस का टायर फटने की भी बात स्पष्ट नहीं है क्योंकि अगर ऐसा होता तो टायर के टुकड़े पड़े दिखाई देते। दुर्घटना से पहले अगर ब्रेक लगाया होता तो सड़क पर टायर घिसने के निशान भी होते।"


बचने तक का मौका नहीं मिला!

इस हादसे में जिंदा बचे एक यात्री ने बताया कि उसने और कुछ अन्य यात्रियों ने बस की खिड़की तोड़कर अपनी जान बचाई। चूंकि बस उसी तरफ पलटी थी, जिस ओर बस का मुख्य दरवाजा था। इसलिए लोगों को बचने तक का समय नहीं मिला।

हादसे में जीवित बचे व्यक्ति ने कहा, ‘‘बस का एक टायर फट गया और गाड़ी में तुरंत आग लग गई। देखते ही देखते आग फैल गई।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मैं और मेरे बगल में बैठा एक यात्री पिछले हिस्से की खिड़की तोड़कर निकलने में सफल रहे।’’ जीवित बचे व्यक्ति ने बताया कि हादसे के बाद पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंची।

हादसे में घायल हुए योगेश रामदास गवई भालेगांव ने कहा, मैं विदर्भ ट्रेवल की बस में बैठा था। हमारी गाड़ी समृद्धी पर दुर्घटना ग्रस्त हुई और गाड़ी पलटने के तुरंत गाड़ी में आग लग गई। हम 3-4 लोग शीशा तोड़कर बाहर आए। हमारे बाहर आते ही बस में धमाका हो गया। फायर टीम घटना के 10-15 मिनट बाद आई और आग पर काबू पाया।


चश्मदीद ने बताया खौफनाक था मंजर

एक स्थानीय निवासी ने कहा कि चार से पांच यात्री बस की एक खिड़की तोड़कर निकलने में कामयाब रहे। उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन हर कोई ऐसा नहीं कर सका।’’ उन्होंने दावा किया ‘‘जो लोग बाद में बस से निकल सके उन्होंने हमें बताया कि उन्होंने राजमार्ग पर दूसरे वाहनों से मदद मांगी, लेकिन कोई नहीं रुका।“

चश्मदीद ने कहा कि अगर राजमार्ग से गुजर रहे वाहन पीड़ितों की मदद के लिए रुकते तो और यात्रियों की जान बचाई जा सकती थी। अंदर मौजूद यात्री खिड़कियां तोड़ने की कोशिश कर रहे थे। हमने लोगों को जिंदा जलते देखा। आग इतनी भीषण थी कि हम कुछ नहीं कर सके।