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महाराष्ट्र की 7 राज्यसभा सीटों पर 16 मार्च को वोटिंग, भाजपा का पलड़ा सबसे भारी, रेस में पार्थ पवार भी

राज्यसभा की रिक्त हो रही सीटों के लिए चुनाव कार्यक्रम घोषित कर दिया गया है। अप्रैल में कई सदस्यों का कार्यकाल समाप्त हो रहा है, जिसके चलते देश के विभिन्न राज्यों में चुनाव होंगे।

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मुंबई

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Dinesh Dubey

Feb 18, 2026

Parth Pawar Rajya Sabha MP

संसद भवन में बेटे पार्थ पवार के साथ जाते हुए सुनेत्रा पवार (Photo: IANS)

निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने आज 10 राज्यों में राज्यसभा की 37 सीटों के लिए चुनाव तारीखों की घोषणा कर दी है। राज्यसभा के 37 सदस्यों का कार्यकाल अप्रैल 2026 में खत्म होने वाला है। ईसीआई के अनुसार, 37 सीटों के लिए 16 मार्च को चुनाव होगा। इनमें महाराष्ट्र से सर्वाधिक 7 सीटों पर मतदान होना है, जिससे राज्य की सियासत गरमा गई है।

राज्यसभा चुनावों के लिए नोटिफिकेशन 26 फरवरी को जारी किया जाएगा। नामांकन दाखिल करने की आखिरी तारीख 5 मार्च तय की गई है, जबकि नामांकन पत्रों की जांच 6 मार्च को होगी। उम्मीदवार 9 मार्च तक अपना नामांकन पत्र वापस ले सकते हैं। मतदान 16 मार्च को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक होगा और उसी दिन शाम 5 बजे से मतगणना शुरू कर परिणाम घोषित किए जाएंगे।

महाराष्ट्र से रिटायर होने वाले एमपी

महाराष्ट्र से जिन नेताओं का कार्यकाल समाप्त हो रहा है, उनमें शरद पवार (NCP शरद गुट), रामदास अठावले (RPI), रजनी पाटिल (कांग्रेस), प्रियंका चतुर्वेदी (शिवसेना उद्धव गुट), धैर्यशील पाटिल (भाजपा), फौजिया खान (NCP शरद गुट) और भगवत कराड (भाजपा) शामिल हैं। इन सीटों पर नए चेहरों को मौका मिलने की संभावना के चलते राजनीतिक हलचल तेज हो गई है।

महायुति का पलड़ा भारी

महाराष्ट्र विधानसभा के मौजूदा संख्याबल के आधार पर महायुति की स्थिति मजबूत मानी जा रही है। वर्तमान में 288 सदस्यीय विधानसभा में भाजपा के 131, शिवसेना शिंदे गुट के 57 और एनसीपी अजित पवार गुट के 40 विधायक मिलाकर कुल 228 विधायक होते हैं। सात निर्दलीय और सहयोगी विधायकों के समर्थन से यह संख्या 235 तक पहुंचती है। जबकि अजित पवार और भाजपा के शिवाजीराव कार्डिले के निधन के कारण दो सीटें रिक्त हैं। एक सीट जीतने के लिए 37 विधायकों की आवश्यक है। इस हिसाब से महायुति के छह उम्मीदवारों का जीतना लगभग तय माना जा रहा है।

इस चुनाव में सबसे अधिक चर्चा अजित पवार के बेटे पार्थ पवार की है। जिन्हें एनसीपी (सुनेत्रा पवार) राज्यसभा भेज सकती है। बताया जा रहा है कि भाजपा को चार सीटें, जबकि शिंदे गुट और अजित पवार गुट को एक-एक सीट मिल सकती है। हालांकि महायुति अगर सातवां उम्मीदवार उतारती है तो मुकाबला रोचक हो सकता है।

विपक्षी गठबंधन के सामने बड़ी चुनौती

वहीं, राज्य के विपक्षी गठबंधन महाविकास आघाड़ी (एमवीए) की बात करें तो शरद पवार गुट के 10, कांग्रेस के 16 और उद्धव ठाकरे गुट के 20 विधायक हैं। इसके अलावा माकपा और शेकाप के एक-एक विधायक का समर्थन है। कुल मिलाकर यह आंकड़ा 46 तक पहुंचता है। यदि सभी एकजुट रहे तो राज्यसभा की एक सीट आसानी से जीत सकते है, लेकिन वह एक उम्मीदवार किस दल का होगा इस पर रस्साकशी तय मानी जा रही है।

महाराष्ट्र के अलावा तमिलनाडु की 6, पश्चिम बंगाल और बिहार की 5-5, ओडिशा की 4, असम की 3, छत्तीसगढ़, हरियाणा और तेलंगाना की 2-2, जबकि हिमाचल प्रदेश की एक सीट के लिए राज्यसभा चुनाव कराया जाएगा।