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Pune: ‘पवित्र रिश्ते को कलंकित किया’, 8 वर्षीय बेटी से पिता ने किया दुष्कर्म, विरोध करने पर पीटा

Pune Crime News: पिता-बेटी के पवित्र रिश्ते को कलंकित करने वाली यह घटना पुणे के जुन्नर की है। उस समय पीड़ित बच्ची अपने पिता और छोटे भाई-बहन के साथ घर पर थी। तभी उसके पिता ने दुष्कर्म किया और विरोध करने पर बेरहमी से पीटा भी।

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मुंबई

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Dinesh Dubey

May 11, 2026

Pune Crime news

पुणे में बेटी से दुष्कर्म करने वाले पिता को उम्रकैद (AI Photo)

महाराष्ट्र के पुणे जिले से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। जहां अपनी ही 8 साल की बेटी के साथ यौन उत्पीड़न करने वाले 39 वर्षीय किसान को पुणे की विशेष पोक्सो अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने इस मामले को पिता और बेटी के पवित्र रिश्ते को कलंकित करने वाला अपराध करार दिया।

पॉक्सो कोर्ट जुन्नर के विशेष न्यायाधीश एसबी शेलार ने पिछले महीने सुनाए गए फैसले में कहा कि अभियोजन पक्ष आरोपी के खिलाफ आरोप साबित करने में सफल रहा है। आरोपी ने पिता और बेटी के बीच के ‘पवित्र बंधन’ का उल्लंघन किया है।

2020 में हुई थी ये घिनौनी वारदात

यह शर्मनाक घटना 19 दिसंबर 2020 को पुणे जिले के जुन्नर तहसील के एक गांव में हुई थी। अभियोजन पक्ष के अनुसार, उस वक्त पीड़िता अपने पिता और छोटे भाई-बहन के साथ घर पर मौजूद थी। तभी आरोपी पिता ने सबसे बड़ी 8 वर्षीय बेटी को हवस का शिकार बनाया। जब मासूम ने इसका विरोध किया, तो उसने उसके साथ मारपीट भी की। डरी-सहमी बच्ची ने बाद में अपनी मां और रिश्तेदारों को आपबीती सुनाई, जिसके बाद ओतुर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई गई।

मेडिकल और फॉरेंसिक सबूत में साबित हुआ अपराध

मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने पीड़िता की गवाही, मेडिकल रिपोर्ट और फॉरेंसिक साक्ष्यों को अहम माना। अदालत ने अपने फैसले में कहा कि मेडिकल जांच में मिले निष्कर्ष यौन उत्पीड़न की पुष्टि करते हैं। साथ ही बच्ची के शरीर पर चोट के निशान भी पाए गए थे।

इन सभी साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई।

समाज को झकझोर देने वाला मामला

यह मामला सामने आने के बाद पूरे इलाके में आक्रोश का माहौल है। अदालत के फैसले को बच्चों के खिलाफ होने वाले अपराधों पर सख्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है। लोगों ने इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि ऐसे मामलों में कड़ी से कड़ी सजा देना बेहद जरूरी है ताकि समाज में डर कायम हो सके।